

IMD Weather Rainfall Alert:मौसम का पूर्वानुमान मुख्य रूप से उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे सटे पश्चिम बंगाल-उत्तरी ओडिशा तटों पर बने 'वेल मार्क्ड लो-प्रेशर एरिया' (अच्छी तरह से चिह्नित कम दबाव वाले क्षेत्र) से प्रभावित है। इसके उत्तर ओडिशा और गंगा के मैदानी इलाकों वाले पश्चिम बंगाल से होते हुए पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने का अनुमान है।
इसके अलावा, इस कम दबाव वाले सिस्टम के केंद्र से उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश तक एक 'ट्रफ' (कम दबाव वाली पट्टी) बनी हुई है, जबकि उत्तरी पाकिस्तान और उससे सटे जम्मू डिवीजन में एक 'वेस्टर्न डिस्टर्बेंस' सक्रिय है।
देशभर में मानसून की सक्रियता के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग ने सोमवार के लिए एक बड़ा अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित देश के 19 राज्यों में भारी से मूसलाधार बारिश के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने की संभावना है।
उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तथा पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर बन रहे चक्रवाती परिसंचरण (सायक्लोनिक सर्कुलेशन) के कारण अगले 14 से 24 घंटों में मौसम का मिजाज काफी बिगड़ने का अनुमान है।
मौसम विज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि तेज आंधी और भारी बारिश से फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। पहाड़ी राज्यों जैसे हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के संवेदनशील इलाकों में लैंडस्लाइड (भूस्खलन) की आशंका जताई गई है। इसके अतिरिक्त, पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बादल गरजने और आकाशीय बिजली गिरने का अलर्ट है।
ओडिशा, छत्तीसगढ़, झारखंड और उत्तराखंड के कई शहरों में बाढ़ का अलर्ट जारी किया गया है। ओडिशा के भद्रक, बालासोर, जाजपुर, जगतसिंहपुर, केंद्रपाड़ा, क्योंझरगढ़, मयूरभंज और सुंदरगढ़ जिले में बाढ़ की संभावना है।
छत्तीसगढ़ में रेड अलर्ट के साछ रायगढ़, बलरामपुर, सरगुजा, सूरजपुर, कोरबा, कोरिया और जशपुर जिले में बाढ़ के आसार है। वहीं झारखंड के पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम, खूंटी, सिमडेगा, गुमला, लोहरदगा (लोहरगड़ा), लातेहार, पलामू, हज़ारीबाग, गढ़वा और चतरा जिले में भारी बाढ़ की संभावना जताई जा रही है।
उत्तराखंड में भी कई नदियों का जलस्तर बढ़ने की आशंका है। रेड अलर्ट के साथ अल्मोडा, बागेश्वर, चमोली, चंपावत, देहरादून, नैनीताल, रुद्रप्रयाग, टेहरी गढ़वाल, पौरी गढ़वाल और उत्तरकाशी जिले में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है।
हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश के बीच रविवार सुबह तक राज्य में कुल 64 सड़कें वाहनों की आवाजाही के लिए बंद रहीं। मौसम विभाग ने अगले चार दिन तक भारी बारिश होने का' येलो अलर्ट' जारी किया है।
राज्य में बारिश के कारण 225 बिजली ट्रांसफॉर्मर और नौ पेयजल योजनाएं भी प्रभावित हुई है। मंडी में सबसे अधिक 24 सड़कें, कुल्लू में 16, कांगड़ा और सिरमौर में सात-सात, ऊना में चार, शिमला में तीन, चंबा में दो और लाहौल-स्पीति जिले में एक सड़क बंद है।
दिल्ली-एनसीआर में 50 से 60 किमी/घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
उत्तर प्रदेश के लखनऊ, मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा, आगरा, कानपुर, वाराणसी, प्रयागराज और गोरखपुर सहित कई जिलों में बारिश व आंधी की चेतावनी है।
बिहार के पटना, गया, चंपारण, दरभंगा और भागलपुर समेत अधिकांश जिलों में तेज हवाओं और वज्रपात की चेतावनी दी गई है।
झारखंड के जमशेदपुर, धनबाद और रांची में 70 किमी/घंटे की गति से आंधी की संभावना है। वहीं, कोलकाता सहित बंगाल के तटीय जिलों में चक्रवाती असर के चलते भारी बारिश की उम्मीद है। वहीं, शिमला, मनाली, देहरादून, श्रीनगर और जम्मू में भी बारिश हो सकती है।