उत्तराखंड की गलती दोहराएगी कांग्रेस! दिग्गज नेता ने दी नसीहत, पंजाब में थाली में परोसी सत्ता गंवा देगी पार्टी
Congress Internal Rift Punjab: कांग्रेस एक बार फिर उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में की गई गलती पंजाब में फिर दोहरा सकती है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद डॉ. उदित राज ने पार्टी को अहम नसीहत दी।
- Written By: प्रिया जैस
राहुल गांधी और उदित राज (सौजन्य-IANS)
Udit Raj Statement Congress Factionalism: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद डॉ. उदित राज ने पार्टी के भीतर चल रही गुटबाजी पर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को कई राज्यों में सत्ता इसलिए नहीं मिल पाई क्योंकि नेताओं ने संगठन को मजबूत करने के बजाय आपसी खींचतान में ज्यादा ऊर्जा लगाई। उन्होंने पंजाब में उत्तराखंड चुनाव की गलती न दोहराने की चेतावनी दी है।
कांग्रेस नेता उदित राज ने कहा, “हम उत्तराखंड में सरकार बनाने से बाल-बाल चूक गए। यह लगभग हमें थाली में परोसकर दिया गया था, लेकिन हम आंतरिक गुटबाजी के कारण हार गए। पिछली बार पंजाब में भी ऐसा ही हुआ था, जहां हमारी सरकार थी। पंजाब में टीम वर्क की जरूरत है, खासकर इसलिए क्योंकि वहां के लोग परेशान हैं और गंभीर समस्याओं का सामना कर रहे हैं। ऐसी स्थिति में, हमारा संदेश स्पष्ट है। यदि आप गुटबाजी में लगे रहेंगे, तो किसी को कुछ हासिल नहीं होगा।”
उदित राज ने बताया संगठन के कमजोर होने की वजह
उन्होंने अपने सोशल मीडिया एक्स अकाउंट पर एक पोस्ट कर कांग्रेस की अंदरूनी गुटबाजी पर बड़ी बात कही। पूर्व सांसद डॉ. उदित राज ने लिखा, “कांग्रेस के अंदरूनी गुटबाजी न सिर्फ चुनाव हारने की एक बड़ी वजह है, बल्कि पार्टी के संगठन के स्तर पर कमजोर होने का भी मुख्य कारण है। यह समझ से बाहर है कि आपसी लड़ाई-झगड़े से किसी को क्या फायदा होता है। गुटबाजी की वजह से कांग्रेस उत्तराखंड में सरकार बनाने का मौका चूक गई। पंजाब के नेताओं और कार्यकर्ताओं को इससे सीख लेनी चाहिए।”
सम्बंधित ख़बरें
दतिया उपचुनाव 2026: कांग्रेस ने पूर्व विधायक घनश्याम सिंह को बनाया प्रत्याशी, AICC ने किया ऐलान
2027 की कुर्सी पर चन्नी की नजर! कैप्टन अमरिंदर सिंह का वो पुराना फॉर्मूला, जिसने आलाकमान की उड़ा दी नींद
MP में ₹1200 करोड़ का ‘चावल घोटाला’! खड़गे का भाजपा पर तीखा हमला, बोले- कुपोषित बच्चों के निवाले पर डाला डाका
पंजाब में चन्नी को बनाया जाएगा CM पद का उम्मीदवार? आज भूपेश बघेल से करेंगे मुलाकात, कांग्रेस में हलचल तेज
कांग्रेस के अंदरूनी गुटबाज़ी न केवल चुनाव हारने का एक बड़ा कारण है, बल्कि संगठनात्मक स्तर पर पार्टी के कमजोर होने की भी प्रमुख वजह है। समझ में नहीं आता कि आपसी लड़ाई से किसी को कुछ भी नही मिलने वाला है। गुटबाज़ी के कारण कांग्रेस उत्तराखंड में सरकार बनाने से चूक गई। पंजाब के… — Dr. Udit Raj (@Dr_Uditraj) July 11, 2026
गुटबाजी से बचे कांग्रेस पार्टी
कांग्रेस नेता उदित राज ने आगे लिखा, “पिछले विधानसभा चुनावों के दौरान पंजाब में भी जबरदस्त गुटबाजी देखने को मिली थी। ऐसा लग रहा था जैसे पार्टी अध्यक्ष ने अपनी ही सरकार के हर फैसले का विरोध करने का ठेका ले रखा हो, और नतीजा यह हुआ कि हम हार गए। अगर हम संविधान को बचाने की लड़ाई और राहुल गांधी के त्याग और समर्पण पर ध्यान दें, तो हमें गुटबाजी से बचना चाहिए। अगर संगठन के भीतर कोई मुद्दा या मतभेद है, तो उसे पार्टी के सही मंच पर उठाया जाना चाहिए।”
यह भी पढ़ें – 2027 की कुर्सी पर चन्नी की नजर! कैप्टन अमरिंदर सिंह का वो पुराना फॉर्मूला, जिसने आलाकमान की उड़ा दी नींद
मदरसों का अनुदान रोकने के फैसला गलत
उत्तराखंड सरकार के मदरसों को अनुदान रोकने के फैसले पर कांग्रेस नेता उदित राज ने कहा, अनुच्छेद 25 से 29 के तहत अल्पसंख्यकों और अल्पसंख्यक संस्थानों के लिए संवैधानिक सुरक्षा है, और उन सुरक्षाओं को छीना नहीं जाना चाहिए। हालांकि, ऐसा लगता है कि उन्हें कम किया जा रहा है।
अगर कोई संस्थान अवैध रूप से चल रहा है, तो निश्चित रूप से उसके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। लेकिन जब दूसरों को समर्थन और सहायता दी जा रही है, तो मदरसों के साथ अलग व्यवहार क्यों किया जा रहा है? उनके साथ अलग व्यवहार और भेदभाव क्यों? कानून की नजर में सभी समान होने चाहिए।
