MDR on UPI: अमेरिकी दबाव में मोदी फिर सरेंडर, UPI पर फीस के नए नोटिफिकेशन पर भड़के राहुल गांधी

UPI Charges: UPI पर ₹2000 से ऊपर के मर्चेंट ट्रांजैक्शन पर MDR की आशंका से सियासत गरमाई। राहुल गांधी का आरोप- सरकार ने चुपचाप चार्ज वसूलने की छूट देकर अमेरिकी कंपनियों के दबाव में सरेंडर किया।
Rahul Gandhi on upi charges
राहुल गांधीSource- IANS
Published on
Updated on

Rahul Gandhi on UPI Charges: यूपीआई के माध्यम से होने वाले डिजिटल लेन-देन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) को लेकर देश में राजनीतिक घमासान शुरू हो गया है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने इस मुद्दे पर केंद्र की मोदी सरकार पर हमला बोला है। उनका आरोप है कि सरकार ने चुपचाप यूपीआई लेन-देन पर शुल्क वसूलने का रास्ता खोल दिया है। राहुल गांधी ने कहा कि मोदी सरकार ने 2,000 रुपये से अधिक के मर्चेंट यूपीआई लेन-देन पर एमडीआर लगाने की मंजूरी दे दी है।

ग्राहक की जेब से ही वसूलेंगे दुकानदार

राहुल गांधी ने दावा किया कि भले ही 2,000 रुपये से ज्यादा के लेन-देन की संख्या सिर्फ 5 प्रतिशत हो, लेकिन टोटल UPI ट्रांजैक्शन वैल्यू का लगभग 65 प्रतिशत हिस्सा इन्हीं लेन-देन से आता है।

rahul gandhi on upi
UPI पर चार्ज को लेकर राहुल गांधी का पोस्टSource- X/@rahulgandhi

राहुल गांधी ने सरकार के इस दावे पर भी सवाल उठाया कि कस्टमर से कोई फीस नहीं ली जाएगी। राहुल गांधी ने कहा कि सरकार भले ही कहे कि ग्राहक से कोई चार्ज नहीं लिया जाएगा, लेकिन जब दुकानदार पर ये फीस लगाई जाएगी तो वो पैसा आखिर कहां से आएगा?

उन्होंने कहा कि जाहिर है कि दुकानदार इसे चीजों और सेवाओं की कीमतों में जोड़कर आम ग्राहक की जेब से ही वसूलेंगे।

अमेरिकी दबाव में मोदी का सरेंडर: राहुल

राहुल गांधी का कहना है कि अमेरिकी पेमेंट कंपनियां लंबे समय से भारत की zero-MDR नीति का विरोध करती आ रही थीं। राहुल गांधी ने कहा कि अब मोदी सरकार ने ठीक उसी दिशा में कदम बढ़ाते हुए नीति बदलने का रास्ता खोल दिया है। उन्होंने कहा कि यूएस ट्रेड डील की तरह ही, समझौते में फंसी मोदी सरकार एक बार फिर अमेरिकी दबाव के सामने सरेंडर कर रही है।

Rahul Gandhi on upi charges
BRICS Business Forum: पीयूष गोयल का बड़ा प्रस्ताव, ब्रिक्स देशों के पेमेंट सिस्टम को UPI से जोड़ने की अपील

क्या है UPI का नया नियम?

बता दें कि भारत सरकार ने पेमेंट एंड सेटलमेंट सिस्टम्स एक्ट, 2007 की धारा 10A के तहत UPI पेमेंट को लेकर एक नया नोटिफिकेशन जारी किया है। जिसके तहत सरकार ने बैंकों को 2,000 रुपये तक के UPI लेन-देन और RuPay डेबिट कार्ड से किए जाने वाले पेमेंट पर कोई भी फीस लगाने से मना किया है।

साथ ही 2,000 रुपए से ज्यादा के मर्चेंट ट्रांजैक्शन पर आगे चलकर MDR लग सकता है। उस पर चार्ज कितना होगा और किन कारोबारियों पर लागू होगा, इसको लेकर अभी कुछ तय नहीं किया गया है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com