'हिमालय हो या रेगिस्तान...हर तरफ एक ही गूंज', लाल किले से PM मोदी ने 12वीं बार फहराया तिरंगा-VIDEO

Independence Day: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर 12वीं बार लगातार लाल किले पर तिरंगा ध्वज फहराया। इस दौरान उन्होंने संविधान निर्माताओं को नमन किया।
PM Modi hoisted tricolor for the 12th time from Red Fort speech
लाल किले पर राष्ट्रीय ध्वज फहराते हुए पीएम मोदी (सोर्स: सोलश मीडिया)
Published on
Updated on

PM Narendra Modi Speech on Independence Day: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आज 12वीं बार लगातार दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले पर तिरंगा ध्वज फहराया। इस दौरान आसमान से हेलीकॉप्टर द्वारा पुष्पवर्षा की गई। भारतीय वायुसेना के दो Mi-17 हेलीकॉप्टरों ने लाल किले के ऊपर से उड़ान भरते हुए फूलों की पंखुड़ियां बरसाई। एक हेलीकॉप्टर तिरंगा लेकर उड़ रहा था, तो दूसरा ऑपरेशन सिंदूर का बैनर लहरा रहा था।

79वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपना संबोधन शुरू किया। उन्होंने कहा, "आज़ादी का यह महोत्सव 140 करोड़ देशवासियों के संकल्पों का उत्सव है। आजादी का ये पर्व सामूहिक सिद्धियों, गौरव का पर्व है। देश एकता की भावना को मजबूती दे रहा है। 140 करोड़ देशवासी तिरंगे के रंग में रंगे हैं। हर घर तिरंगा है। भारत के हर कोने से हिमालय हो या रेगिस्तान हो या समुद्र तट हो, हर तरफ एक ही गूंज है- हमारी प्राण से भी प्यारी मातृभूमि का जयगान है।

प्रधानमंत्री ने संविधान निर्माताओं को किया नमन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज लाल किले की प्राचीर से मैं देश का मार्गदर्शन करने वाले, देश को दिशा देने वाले संविधान निर्माताओं को आदरपूर्वक नमन करता हूं। आज हम डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती भी मना रहे हैं।

श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने संविधान के लिए बलिदान दिया: पीएम

पीएम ने कहा कि डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी देश के पहले महापुरुष थे जिन्होंने भारत के संविधान के लिए बलिदान दिया। संविधान के लिए बलिदान दिया। जब हमने अनुच्छेद 370 की दीवार को ध्वस्त करके एक देश, एक संविधान के मंत्र को जीवंत किया, तो हमने डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी को सच्ची श्रद्धांजलि दी।

लाल किले पर आज कई विशेष महानुभाव उपस्थित हैं। दूर-दराज के गांवों से आए पंचायत के सदस्य हैं, ड्रोन दीदी के प्रतिनिधि हैं, लखपति दीदी के प्रतिनिधि हैं, खेल जगत के लोग हैं, राष्ट्र और जीवन को कुछ न कुछ देने वाले महानुभाव यहां उपस्थित हैं। पीएम मोदी ने कहा कि एक प्रकार से, मैं यहां अपनी आंखों के सामने एक लघु भारत देख रहा हूं। और आज, लाल किला भी तकनीक के माध्यम से भारत से जुड़ा हुआ है।

Navbharat Live
navbharatlive.com