OBC, दलित और आदिवासियों की प्रशासन-न्यायपालिका में भागीदारी बहुत कम: राहुल गांधी

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राहुल गांधी ( फाइल फोटो)
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पालघर. कांग्रेस (Congress) के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने शुक्रवार को दावा किया कि भारत की 88 प्रतिशत आबादी अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी), दलित, आदिवासी और पिछड़े समुदायों से है लेकिन प्रशासन, न्यायपालिका और मीडिया सहित विभिन्न क्षेत्रों में उनकी भागीदारी बहुत कम है। उन्होंने अपनी 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा' के दौरान महाराष्ट्र के पालघर जिले के वाडा तालुका में एक सभा को संबोधित करते हुए कहा कि देश की सत्ता और संपत्ति को वह लोग नियंत्रित कर रहे हैं जिनकी कुल आबादी छह प्रतिशत है।

केरल के वायनाड से लोकसभा सदस्य ने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा शुरू की गई फसल बीमा योजना से किसानों को नहीं, बल्कि निजी बीमा कंपनियों को फायदा होता है। उन्होंने कहा कि जब बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान होता है, तो सरकार द्वारा बीमा कंपनियों को भारी-भरकम प्रीमियम का भुगतान करने के बावजूद प्रभावित किसानों को कोई मदद नहीं मिलती है।

पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रशासन और अन्य क्षेत्रों में असंतुलन दूर करने के लिए देशव्यापी जाति जनगणना पर जोर दिया और कहा कि अगर कांग्रेस केंद्र में सत्ता में आई तो वह इस तरह की कवायद को अंजाम देगी। राहुल गांधी ने कहा कि ओबीसी, दलित, आदिवासी और पिछड़े समुदाय देश की आबादी का 88 प्रतिशत हिस्सा हैं लेकिन प्रशासन, मीडिया और न्यायपालिका सहित विभिन्न क्षेत्रों में उनका प्रतिनिधित्व बहुत कम है।

कांग्रेस सांसद ने आरोप लगाया, "जीएसटी (माल एवं सेवा कर) के माध्यम से गरीबों को लूटा गया है।" राहुल गांधी ने कहा कि विभिन्न परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण करते समय उद्योगपति नहीं, बल्कि समाज के गरीब वर्ग प्रभावित होते हैं। पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष ने पालघर जिले में मुख्य रूप से आदिवासी इलाकों का दौरा किया, जहां स्थानीय निवासियों ने उनका स्वागत किया। (एजेंसी)

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