

Bengaluru Stone Quarry Collapse Many Dead: कर्नाटक के बेंगलुरु में गुरुवार सुबह एक बड़ा हादसा हुआ, जिसमें कई लोगों की मौत हो गई। मडापट्टना के पास एक पत्थर की खदान में एक बड़ा पत्थर गिरने से 9 मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई। रिपोर्टों के अनुसार, मजदूर कावेरी कंपनी के लिए काम कर रहे थे।
हादसे के समय सभी मजदूर साइट पर मौजूद थे, तभी लगभग 100 फीट ऊपर चल रही एक हिताची मशीन से गलती से एक पत्थर गिर गया। हादसे के समय वहां 15 से 20 मजंदूर मौजूद थे।
घटना की जानकारी मिलते ही तवारेकेरे पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। शुरुआती रिपोर्ट से पता चलता है कि ऑपरेटर नीचे काम कर रहे मजदूरों को देख नहीं पाया था। इस कारण यह हादसा हुआ। पुलिस के अनुसार, मृतकों में बिहार और असम के मजदूर शामिल है, जो यहां मजदूरी करते थे।
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प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, 100 फीट ऊंचाई से गिरे इस चट्टान से मजदूरों को मौका भी नहीं मिला और वे इस की चपेट में आ गए। हादसे में वहां मौजूद कई मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायल मजदूरों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
हालांकि, मृतकों की पहचान अभी नहीं हो पाई है। बताया गया है कि पीड़ित बिहार के प्रवासी मजदूर हैं, जबकि कुछ घायल मजदूर कर्नाटक के हैं। पांच मजदूरों को गंभीर चोटें आईं और उन्हें इलाज के लिए आरआर अस्पताल ले जाया गया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि पत्थर के अचानक गिरने से पहले मजदूरों को कोई चेतावनी नहीं मिली थी। एक प्रत्यक्षदर्शी ने कहा, "यह घटना सुबह करीब 5 बजे हुई जब मजदूर ड्यूटी पर थे। कुछ लोग सुरक्षित भागने में सफल रहे, कुछ घायल हो गए और अन्य पत्थर के नीचे दब गए। ऐसा नहीं लगा कि पत्थर ब्लास्टिंग की वजह से गिरा। यह अचानक तब गिरा जब मजदूर अपना रोजमर्रा का काम कर रहे थे।"
एक अन्य मजदूर विनोद ने बताया कि घटना के समय पीड़ित नाइट शिफ्ट के बाद काम संभाल रहे थे। उन्होंने कहा, "जब पत्थर गिरा, तो कई मजदूर उसके नीचे दब गए। कुछ के पैर कट गए, तो कुछ के हाथ। हम उन्हें बचाने के लिए कुछ नहीं कर पाए। मैं एक मशीन चला रहा था और उस जगह से लगभग 10 मीटर दूर था। पीड़ित खदान में ड्रिलिंग कर रहे थे और उन्हें अपने ऊपर मौजूद पत्थर का पता नहीं चला।"
अधिकारियों ने बताया कि मृतकों के शव अभी पत्थरों के नीचे से निकाले जाने बाकी हैं। उन्होंने यह भी बताया कि गिरने के दौरान कई भारी पत्थरों ने खुदाई करने वाली मशीनों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। फिलहाल, बचाव अभियान जारी है। पुलिस और बचाव दल की टीमें फंसे हुए मजदूरों की तलाश में मलबा हटा रहे हैं। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी और जिला प्रशासन के अधिकारी तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गए हैं।
इस घटना पर मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने दुख जताया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "यह बहुत दुखद है कि दक्षिण बेंगलुरु तालुक के मदपट्टना में चट्टान के टूटने से 7 मजदूरों की मौत हो गई। मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि मृतकों की आत्माओं को शांति दें, उनके परिवारों को यह दुख सहने की शक्ति दें और घायल जल्द ही ठीक हो जाएं।"
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि पत्थर की खदानों में काम करने वाले मजदूरों की सुरक्षा सुनिश्चित करना खदान मालिकों की जिम्मेदारी है। सरकार नियमों का उल्लंघन करने वाली खदानों के खिलाफ उचित कार्रवाई करेगी।
(एजेंसी इनपुट के साथ)