

नई दिल्ली: 2024 के हरियाणा विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस ने आरोप लगाया था कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) के साथ छेड़छाड़ हुई है। लेकिन अब भारतीय चुनाव आयोग (ईसी) ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज कर दिया है। मंगलवार 29 अक्टूबर को पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को लिखित जवाब में ईसी ने उनके पार्टी के आरोपों को गैर-जिम्मेदाराना बताया है।
चुनाव आयोग ने लिखित जवाब में कहा कि ईवीएम पूरी तरह सुरक्षित है और बैटरी का नतीजों पर कोई असर नहीं पड़ता है। ऐसे में आरोप निराधार हैं और उनमें तथ्य नहीं हैं। कांग्रेस को लिखे पत्र में ईसी ने कहा कि मतदान और मतगणना जैसे संवेदनशील समय पर गैर-जिम्मेदाराना आरोप लगाने से जनता में अशांति और अराजकता फैल सकती है।
चुनाव आयोग ने कांग्रेस को 1600 पन्नों में जवाब दिया है। जिसमें पिछले एक साल में 5 विशिष्ट मामलों का हवाला देते हुए चुनाव आयोग ने लिखा राष्ट्रीय पार्टी (कांग्रेस) से कहा कि वह उचित सावधानी बरते और बिना किसी सबूत के चुनाव संचालन पर हमला करने से बचें। साथ ही कहा कि हरियाणा में चुनावी प्रक्रिया का हर एक चरण दोषरहित था।
जानकारी के लिए बता दें कि हरियाणा के विधानसभा चुनाव के दौरान ईवीएम में छेड़छाड़ के आरोप में कांग्रेस कहा था कि 8 अक्टूबर को मतगणना के दौरान कुछ इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों की बैटरी 99 प्रतिशत चार्ज थी और कुछ वोटिंग मशीनों की बैटरी 60 से 80 प्रतिशत थी। जिन जगहों पर बैटरी 99 प्रतिशत चार्ज थी, वहां भाजपा को अधिक वोट मिले, जबकि जिन जगहों पर बैटरी 60 से 80 प्रतिशत चार्ज थी, वहां कांग्रेस को अधिक वोट मिले। जिसके बाद कांग्रेस ने चुनाव आयोग से 20 विधानसभा क्षेत्रों में दोबारा मतगणना की मांग की थी।
ज्ञात हो कि हरियाणा के विधानसभा चुनाव का नतीजा 8 अक्टूबर को आया था। शुरुआती रुझानों में कांग्रेस पार्टी सरकार बनाते हुए दिखाई दे रही थी। जिसे लेकर पार्टी दफ्तर में जश्न भी शुरू हो गया था। लेकिन कुछ समय बाद ही कांग्रेस की ये खुशी खत्म हो गई। क्योंकि फिर भाजपा उनसे आगे निकल गई और पूर्ण बहुमत हासिल किया।