BJP नेता प्रवीण दरेकर को बड़ा झटका, कोर्ट ने की अग्रिम जमानत याचिका खारिज
- Written By: किर्तेश ढोबले
File Photo
मुंबई: एक सत्र अदालत ने कथित जालसाजी के एक मामले में महाराष्ट्र विधान परिषद (MLC) में नेता प्रतिपक्ष प्रवीण दरेकर (Praveen Darekar) की अग्रिम जमानत याचिका शुक्रवार को खारिज कर दी। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता दरेकर पर श्रमिक सोसाइटी का सदस्य बनने के लिए दस्तावेजों में जालसाजी करने और बाद में श्रमिक कोटे से मुंबई जिला सहकारी समिति का चुनाव लड़ने का आरोप है।
प्राथमिकी के अनुसार दरेकर ने प्रतिज्ञा श्रमिक सहकारी समिति का सदस्य बनने के लिए कुछ जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। अदालत ने शुक्रवार को दरेकर की अग्रिम जमानत याचिका खारिज करते हुए कहा कि उनके खिलाफ प्रथम दृष्टया सबूत हैं और आगे की जांच जरूरी है।
हालांकि, न्यायाधीश आर एन रोकाडे ने पूर्व में दरेकर को गिरफ्तारी से दी गई अंतरिम राहत को 29 मार्च तक बढ़ा दिया ताकि वह उच्च न्यायालय में अपील दायर कर सकें। आम आदमी पार्टी के नेता धनंजय शिंदे की शिकायत के बाद भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) के तहत धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
सम्बंधित ख़बरें
वर्धा बैंक घोटाला: EOW ने मांगी विस्तृत जांच रिपोर्ट, 25 लोगों के बयान दर्ज
रिटायरमेंट के दिन ही IAS प्रदीप कुमार गिरफ्तार, 504 करोड़ के बैंक घोटाले में CBI का बड़ा एक्शन
Khan Sir: खान सर की गिरफ्तारी पर रोक बरकरार, 30 जून को होगी मामले की अगली सुनवाई
टीएमसी के तीन बैंक खातों की जांच शुरू, जबरन वसूली और अवैध कमीशन का लगा आरोप
शिंदे ने आरोप लगाया कि दरेकर ने मुंबई जिला सहकारी समिति के निदेशक पद के लिए श्रमिक वर्ग के तहत चुनाव लड़ा था। दरेकर ने कई वर्षों तक बैंक के अध्यक्ष के रूप में कार्य किया था। शिकायत के अनुसार 1997 में दरेकर ने प्रतिज्ञा श्रम सहकारी समिति में एक मजदूर के रूप में खुद को पंजीकृत कराया, जिससे वह धोखे से श्रमिक वर्ग के तहत बैंक चुनाव लड़ने में सक्षम हो गए। (एजेंसी)
