मराठा योद्धाओं के खून से सनी पानीपत की धरती हमारे लिए पवित्र, CM फडणवीस बोले- तब एक होते तो सेफ होते
पानीपत के ऐतिहासिक तृतीय युद्ध में शहीद जांबाज सैनिकों के स्मरण के लिए हरियाणा के पानीपत में आयोजित '264वें शौर्य दिवस समारोह' आयोजित किया गया। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने यहां वीरता को सलाम किया...
- Written By: आकाश मसने
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (सोर्स: एक्स@Dev_Fadnavis)
चंडीगढ़/मुंबई: पानीपत के 14 जनवरी 1761 के ऐतिहासिक तृतीय युद्ध में शहीद जांबाज सैनिकों के स्मरण के लिए हरियाणा के पानीपत में आयोजित ‘264वें शौर्य दिवस समारोह’ आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी पहुंचे। उन्होंने पानीपत में विशाल राष्ट्रप्रेमी जनसमूह को संबोधित किया। इस अवसर पर वीर शहीद मराठा सैनिकों को पुष्पचक्र अर्पित कर अभिवादन किया एवं साल 2025 का सबसे पहला शौर्य पुरस्कार नितिन धांडे (अमरावती) को प्रदान किया।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को पानीपत की तीसरी लड़ाई के महत्व को बताते हुए कहा कि यह युद्ध प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘एक हैं तो सेफ हैं’ संदेश की प्रासंगिकता को दर्शाता है। इस युद्ध में अफगान शासक अहमद शाह अब्दाली की सेना ने मराठा को हराया था, जिसमें दोनों पक्षों के हजारों सैनिक मारे गए थे।
पीएम मोदी का ‘एक है तो सेफ हैं’ का संदेश एकता की आवश्यकता को समझाता है
सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि ‘‘पानीपत की तीसरी लड़ाई यह सिद्ध करती है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ‘एक है तो सेफ हैं’ का संदेश एकता की आवश्यकता को समझाता है।’’ उन्होंने कहा कि ‘‘आज भी भारतीय संस्कृति का विरोध करने वाले तत्व हमारे देश के लिए चुनौतियां पेश कर रहे हैं। हम संकीर्ण मानसिकता से ऊपर उठकर, एकजुट रहकर और मजबूत राष्ट्रवाद को बढ़ावा देकर इन ताकतों को हरा सकते हैं।”
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Honouring the Valour of Panipat!
Tribute to the Maratha Heroes and the Legacy of Hindavi Swarajya The Third Battle of Panipat, fought on 14 January 1761, is a symbol of the Marathas’ unparalleled courage and sacrifice in defending the nation, religion, and culture against the… pic.twitter.com/88DNDEVlcu — Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) January 14, 2025
नितिन धांडे को 2025 का पहला शौर्य पुरस्कार दिया
फडणवीस ने मराठा सैनिकों की वीरता को सलाम करते हुए कहा कि मराठा योद्धाओं ने अपनी अद्वितीय बहादुरी का परिचय दिया और उनका बलिदान प्रेरणादायक है। उन्होंने ने पानीपत की पवित्र भूमि पर पुष्पांजलि अर्पित की और समारोह में महाराष्ट्र के अमरावती के नितिन धांडे को 2025 का पहला शौर्य पुरस्कार प्रदान किया।
साथ ही महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि पानीपत में छत्रपति शिवाजी महाराज की एक भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी, जिसमें महाराष्ट्र सरकार भूमि प्रदान करने वाले किसानों को उचित मुआवजा देगी।
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पानीपत की धरती हमारे लिए पवित्र
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि मराठा सैनिकों के एक छोटे समूह ने आक्रमणकारी अब्दाली की विशाल सेना के खिलाफ अद्वितीय वीरता का प्रदर्शन किया और मराठा सैनिकों का बलिदान प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि मराठा योद्धाओं के खून से सनी पानीपत की धरती हमारे लिए पवित्र है।
फडणवीस ने कहा कि शिवाजी महाराज ने ‘हिंदवी स्वराज्य’ की स्थापना के लिए समाज के सभी वर्गों को एकजुट किया। उन्होंने कहा कि छत्रपति संभाजी महाराज और पेशवा बाजीराव प्रथम सहित उनके बाद आए नेताओं ने मराठा साम्राज्य का विस्तार किया और भारत की सांस्कृतिक पहचान की रक्षा की।
