अंबाला में बोरवेल में गिरे 4 साल के निर्भय की मौत, 21 घंटे लड़ता रहा जिंदगी और मौत की जंग, जानें पूरा मामला
Ambala Dhanaura Borewell Accident: अंबाला के धनौरा गांव में 19 घंटे से ज्यादा समय तक फंसे रहने के बाद 4 साल के निर्भय की मौत हो गई। NDRF, SDRF और सेना की रेस्क्यू टीम की कोशिशें नाकाम रहीं।
- Written By: प्रिया जैस
निर्भय रेस्क्यू ऑपरेशन (सौजन्य-एक्स)
NDRF Army Joint Rescue Borewell Accident: हरियाणा के अंबाला जिले के धनौरा गांव में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। यहां एक 4 साल का मासूम बच्चा निर्भय, खेलते समय 220 फीट खुले बोरवेल में गिर गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस-प्रशासन, भारतीय सेना और एनडीआरएफ की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं। बच्चे को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए युद्ध स्तर पर बचाव अभियान चलाया गया, लेकिन कड़ी मशक्कत के बाद भी उसे बचाया नहीं जा सका।
निर्भय को बचाना रेस्क्यू टीम के लिए चुनौती भरा रहा क्योंकि बच्चे का सिर बोरवेल के अंदर फंसा हुआ था। इस कारण उसे समय पर निकाला नहीं जा सका। NDRF, SDRF और भारतीय सेना के संयुक्त ऑपरेशन के बाद, लगभग 21 घंटे तक चले रेस्क्यू के बाद चार साल के निर्भय को बोरवेल से बाहर निकाला गया। बाहर निकालते ही उसे तुरंत इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
रेस्क्यू टीम के लिए बनी चुनौती
NDRF के असिस्टेंट कमांडेंट अनिल कुमार ने बताया कि, “सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि बच्चा पानी में डूबा हुआ था। एक और बड़ी चुनौती बोरवेल की गहराई थी। बच्चा बोरवेल की अंदरूनी दीवार से बुरी तरह फंसा हुआ था। बच्चे के शरीर और बोरवेल की दीवार के बीच लगभग कोई जगह नहीं थी, यहां तक कि उसके हाथ और दीवार के बीच भी इतनी जगह नहीं थी। इन चुनौतियों के बावजूद, हम अपने रेस्क्यू इक्विपमेंट से बच्चे का हाथ पकड़ने और उसे सफलतापूर्वक बाहर निकालने में कामयाब हुए थे।
सम्बंधित ख़बरें
बाढ़ के बीच सेना का बड़ा ऑपरेशन, 27 ग्रामीणों को सुरक्षित निकालकर बचाई जान
30 साल पुराने विवाद का अंत! हरियाणा-राजस्थान के बीच यमुना जल पर हुआ ऐतिहासिक समझौता
हरियाणा के जींद में बड़ा सड़क हादसा! खाटू श्याम जा रहे श्रद्धालुओं को ट्रक ने कुचला, 3 की मौके पर ही मौत
वेनेजुएला के भीषण भूकंप में भारत का “Operation Dost” राहत के लिए जाएगी NDRF की टीम
Ambala, Haryana: NDRF Assistant Commandant Anil Kumar says, “As I mentioned earlier, the biggest challenge was that the child was submerged in water. Another major challenge was the depth of the borewell…The child was tightly wedged against the inner wall of the borewell. There… pic.twitter.com/M076aQoCrK — IANS (@ians_india) June 30, 2026
डॉक्टरों ने की निर्भय की मौत की पुष्टी
चार साल के निर्भय को, जिसे लगभग 21 घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बोरवेल से निकाला गया था, डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया है। निकाले जाने के बाद उसे अंबाला सिटी हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां मेडिकल जांच के बाद डॉक्टरों ने उसकी मौत की पुष्टि की। उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
Ambala, Haryana: Four-year-old Nirbhay is being rescued from the borewell after a nearly 19-hour-long operation carried out jointly by the NDRF, SDRF, and the Indian Army. He is being rushed to a hospital for medical treatment pic.twitter.com/5Sm32nq6DD — IANS (@ians_india) June 30, 2026
यह भी पढ़ें – दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर बड़ा हादसा! बस और ट्रक की जोरदार टक्कर के बाद लगी आग, जिंदा जले 8 यात्री, कई घायल
शव को मॉर्चरी में किया शिफ्ट
मेडिकल ऑफिसर डॉ. ऋषिपाल ने बताया, “ऑपरेशन के दौरान कई लोग सुबह से ही रेस्क्यू वाली जगह पर मौजूद थे। कई घंटों की लगातार कोशिशों के बाद, बच्चे को आखिरकार बाहर निकाला गया और तुरंत इमरजेंसी डिपार्टमेंट में शिफ्ट किया गया। रेस्क्यू वाली जगह पर ही हमने देखा कि बच्चे की हालत बहुत गंभीर थी। जब उसे हॉस्पिटल लाया गया, तो हमने ECG किया, जिससे पुष्टि हुई कि बच्चे की मौत हो चुकी थी। अब शव को मॉर्चरी में शिफ्ट कर दिया गया है।”
Ambala, Haryana: Four-year-old Nirbhay, who was rescued from a borewell after a nearly 21-hour-long rescue operation, has been declared dead by doctor. He was rushed to Ambala City Hospital after being rescued, where doctors confirmed his death following medical examination. His… pic.twitter.com/csBATNkFf0 — IANS (@ians_india) June 30, 2026
निर्भय की मौत के बाद बोरवेल को किया गया सील
अंबाला के धनाउरा गांव में बोरवेल में गिरे चार साल के निर्भय को लंबे रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद आखिरकार सुबह करीब 3:30 बजे बाहर निकाला गया और तुरंत अंबाला सिटी सिविल हॉस्पिटल ले जाया गया। हालांकि, डॉक्टरों ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया। शव को अंबाला कैंटोनमेंट सिविल हॉस्पिटल की मॉर्चरी में रखा गया है और पोस्टमार्टम के बाद परिवार को सौंप दिया जाएगा। अंबाला जिले के धनाउरा गांव में एक बोरवेल को सील कर दिया गया है।
