

Gandhinagar Gas Leak Kalol GIDC: शुक्रवार, 15 मई 2026 को गुजरात के कलोल औद्योगिक क्षेत्र में एक फैक्ट्री से हुई जहरीली गैस के रिसाव के कारण तीन मजदूरों की मौत हो गई और एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रशासन की लापरवाही के कारण हुए इस दर्दनाक हादसे ने पूरे क्षेत्र में शोक की लहर पैदा कर दी है जबकि घायल मजदूर का अस्पताल में इलाज जारी है।
यह 'माफतलाल गुजरात इंडस्ट्रीज' नामक कंपनी के ईटीपी संयंत्र में घटित हुई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, श्रमिक संयंत्र के एक गहरे भूमिगत टैंक में जमा कीचड़ और कचरा निकालने के लिए नीचे उतरे थे। शुरुआती जांच के मुताबिक, जैसे ही मजदूर टैंक के भीतर दाखिल हुए, वहां जमा जहरीली गैस के कारण उनका दम घुटने लगा और वे बेहोश होकर कीचड़ में ही फंस गए। बताया जा रहा है कि पहले एक मजदूर गैस की चपेट में आया था। जिसे बचाने की कोशिश में अन्य मजदूर भी टैंक में उतरे और हादसे का शिकार हो गए।
इस दुर्घटना में जान गंवाने वाले मजदूरों की पहचान हो गई है। मृतकों में मध्य प्रदेश के निवासी अमित प्रीतम परिहार (32) और उत्तर प्रदेश के रहने वाले अमर कुमार श्रीवास्तव (33) एवं शिवनाथ रामशंकर दुबे (44) शामिल हैं। वहीं, घायल श्रमिक की पहचान अनिल भगवान लोधी के रूप में हुई है। जिसकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। इन मजदूरों की अचानक हुई मृत्यु से उनके परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
हादसे की जानकारी मिलते ही कलोल पुलिस और एफएसएल की टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज किया है, जबकि एफएसएल टीम गैस के नमूने लेकर रिसाव के कारणों का पता लगा रही है।
पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि क्या कंपनी प्रबंधन ने सफाई के दौरान मजदूरों को आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए थे या नहीं। यदि जांच में कंपनी की लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।
यह कोई पहली बार नहीं है जब गुजरात के औद्योगिक क्षेत्रों में टैंक की सफाई के दौरान इस तरह की घटना हुई हो। पिछले साल अक्टूबर 2025 में भी अहमदाबाद के दानिलिम्दा इलाके में एक जींस धुलाई इकाई के सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान जहरीली गैस की चपेट में आने से तीन मजदूरों प्रकाश परमार, विशाल ठाकोर और सुनील राठवा की मौत हो गई थी। बार-बार होने वाले ये हादसे औद्योगिक सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े करते हैं।