

CM Chandrababu Naidu Meet Pawan Kalyan: सिनेमा के बड़े पर्दे से लेकर राजनीति के मैदान तक अपने दमदार अंदाज के लिए पहचाने जाने वाले जनसेना पार्टी के प्रमुख और आंध्र प्रदेश के डिप्टी सीएम पवन कल्याण को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। मुंबई के एक अस्पताल से आई उनकी एक तस्वीर ने सोशल मीडिया पर आते ही हलचल मचा दी है।
इस तस्वीर में वह अस्पताल के कमरे में एक कुर्सी पर बैठे नजर आ रहे हैं और उनके दाहिने कंधे पर एक बड़ी सी पट्टी बंधी हुई है। दरअसल, शनिवार को एक्टर पवन कल्याण की एक बेहद जरूरी सर्जरी की गई है। इस खबर के बाहर आते ही उनके करोड़ों चाहने वाले और समर्थक उनके जल्द ठीक होने की दुआएं करने लगे हैं। राहत की खबर है कि ऑपरेशन पूरी तरह सफल रहा है और वह अब धीरे-धीरे रिकवर हो रहे हैं।
अपने सबसे भरोसेमंद राजनीतिक साथी और राज्य के डिप्टी सीएम पवन कल्याण का हालचाल जानने के लिए आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू खुद एक्टिव नजर आए। ऑपरेशन के ठीक अगले ही दिन मुख्यमंत्री अचानक मुंबई के उस अस्पताल में पहुंचे जहां पवन कल्याण भर्ती हैं।
जनसेना पार्टी ने इस खास मुलाकात की तस्वीर सोशल मीडिया पर शेयर की है। अस्पताल के कमरे में मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने काफी देर रुककर पवन कल्याण से बातचीत की और उनके इलाज की बारीकियों को समझा। उन्होंने डॉक्टरों से भी उनके स्वास्थ्य को लेकर लंबी चर्चा भी की।
इस मुश्किल घड़ी में पवन कल्याण की पत्नी अन्ना लेझनेवा ने भी सोशल मीडिया पर एक बेहद भावुक पोस्ट शेयर कर उनकी सेहत का बड़ा अपडेट दिया है। उन्होंने अपने नोट में लिखा कि उनके पति के जीवन का बोझ हमेशा उनके शारीरिक दर्द से कहीं ज्यादा बड़ा रहा है। वह अपनी तकलीफों को लेकर बहुत ही कम शिकायत करते हैं और दर्द को चुपचाप सहते रहते हैं।
अन्ना ने आगे लिखा कि जब यह दर्द उनकी बर्दाश्त की सीमा से बिल्कुल बाहर हो गया, तभी उन्होंने अस्पताल आने का फैसला किया। उन्होंने फैंस को भरोसा दिलाया कि फिलहाल उनका एकमात्र काम अपने पति की अच्छी देखभाल करना है और वह अब सुरक्षित हाथों में हैं।
बता दें कि साल 2016 में एक कार्यक्रम के दौरान पवन कल्याण के कंधे पर गंभीर चोट आई थी। अपनी राजनीतिक यात्राओं, रैलियों और भारी-भरकम चुनाव प्रचार के दौरान वह लगातार जनता के बीच बने रहे।
इस दौरान उत्साही फैंस और पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा बार-बार हाथ खींचे जाने और हाथ मिलाने के कारण उनके जख्म पर लगातार दबाव पड़ता रहा। जिससे पुराना दर्द धीरे-धीरे बेहद गंभीर रूप अख्तियार कर गया और आखिरकार डॉक्टरों को सर्जरी का फैसला लेना पड़ा।