जब ओम पुरी की मस्ती ने अमरीश पुरी को बना दिया गलतफहमी का शिकार, हंसी से लोटपोट किस्सा

Amrish Puri Misunderstanding: दिवंगत अभिनेता ओम पुरी ने टॉक शो में अमरीश पुरी की आवाज की नकल से जुड़ा एक मजेदार किस्सा साझा किया। उनकी शरारत से अमरीश पुरी गलतफहमी का शिकार हो गए।
Om Puri funny story Amrish Puri misunderstanding Naseeruddin Shah friends Ratna Pathak Shah call
नसीरुद्दीन शाह और ओम पुरी (फोटो क्रेडिट- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Om Puri funny Story: टॉक शो ‘कोशिश से कामयाबी तक’ में दिवंगत अभिनेता ओम पुरी द्वारा सुनाए गए किस्सों ने एक बार फिर दर्शकों को पुराने बॉलीवुड की सादगी, दोस्ती और बेफिक्र मस्ती की याद दिला दी। इस शो में ओम पुरी ने अपने करीबी दोस्तों नसीरुद्दीन शाह, अमरीश पुरी और गीता वशिष्ठ से जुड़ी ऐसी मजेदार घटनाएं साझा कीं, जिन्हें सुनकर न सिर्फ दर्शक बल्कि शो में मौजूद लोग भी हंसी से लोटपोट हो गए।

शो के दौरान ओम पुरी से एक दिलचस्प सवाल पूछा गया। उनसे कहा गया कि अक्सर लोग उन्हें अमरीश पुरी का भाई समझ लेते हैं और यह भी मशहूर है कि वह अमरीश पुरी की दमदार आवाज की हूबहू नकल कर लेते हैं। इसी सवाल के जवाब में ओम पुरी ने एक शरारती किस्सा सुनाया, जो उनकी मस्तीभरी शख्सियत को बखूबी दर्शाता है।

ओम पुरी ने सुनाया मजेदार किस्सा

ओम पुरी ने बताया कि एक बार उन्होंने नसीरुद्दीन शाह के घर फोन किया था। फोन नसीर की पत्नी रत्ना पाठक शाह ने उठाया। उस वक्त ओम पुरी को शरारत सूझी और उन्होंने अमरीश पुरी की भारी आवाज में कहा, “अरे भाई, नसीर है क्या? घर पर भी कभी बुलाया करो, कुछ खिलाया-पिलाया करो।” रत्ना पहले तो चौंक गईं, लेकिन जब ओम पुरी ने हंसते हुए अपनी असली पहचान बता दी, तो बात मजाक में खत्म हो गई।

अमरीश पुरी का मजाकिया मैसेज

इसके बाद ओम पुरी ने एक और मजेदार घटना सुनाई, जो अभिनेत्री गीता वशिष्ठ से जुड़ी थी। उन्होंने बताया कि गीता ने उन्हें अपने जन्मदिन की पार्टी के बारे में बताया था। बाद में जब ओम पुरी ने समय पूछने के लिए फोन किया, तो कॉल आंसरिंग मशीन पर चली गई। ऐसे में उन्होंने फिर अमरीश पुरी की आवाज में एक मजाकिया मैसेज छोड़ दिया। इस मैसेज को सुनकर गीता इतनी एक्साइटेड हो गईं कि उन्होंने सीधे अमरीश पुरी को फोन कर पार्टी में आने का न्योता दे दिया।

ओम पुरी की बेझिझक मस्ती

जब अमरीश पुरी को इस बात का पता चला तो वह हैरान रह गए और तुरंत समझ गए कि यह शरारत ओम पुरी की ही हो सकती है। हालांकि बाद में यह पूरा मामला हंसी-मजाक में बदल गया और सभी ने इसे एन्जॉय किया। ओम पुरी के ये किस्से सिर्फ हंसी का कारण नहीं बने, बल्कि उन्होंने उस दौर के बॉलीवुड की झलक भी दिखाई, जब कलाकारों के बीच गहरी दोस्ती, अपनापन और बेझिझक मस्ती हुआ करती थी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com