

BAFTA Awards 2026: मणिपुरी सिनेमा की चर्चित फिल्म बूंग इन दिनों एक बार फिर सुर्खियों में है। इस फिल्म ने हाल ही में बॉक्स ऑफिस पर बड़ा मुकाम हासिल करते हुए 1 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई कर ली है। 6 मार्च को सिनेमाघरों में दोबारा रिलीज होने के बाद ‘बूंग’ ने शानदार प्रदर्शन किया और अब यह अब तक की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली मणिपुरी फिल्म बन गई है।
फिल्म की री-रिलीज ने न केवल इसे दर्शकों के बीच दोबारा चर्चा में ला दिया, बल्कि मणिपुरी सिनेमा को भी नई पहचान दिलाई है। क्षेत्रीय भाषा की फिल्मों के लिए इतनी बड़ी कमाई हासिल करना बेहद खास माना जा रहा है।
‘बूंग’ की उपलब्धियां केवल बॉक्स ऑफिस तक ही सीमित नहीं हैं। इस फिल्म ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी इतिहास रच दिया है। यह पहली भारतीय फिल्म बन गई है जिसने प्रतिष्ठित बाफ्टा अवॉर्ड अपने नाम किया। इस उपलब्धि ने मणिपुर के क्षेत्रीय सिनेमा को वैश्विक मंच पर पहचान दिलाई है। फिल्म की इस सफलता को भारतीय सिनेमा के लिए भी एक गर्व का पल माना जा रहा है, क्योंकि यह देश के अलग-अलग हिस्सों से आने वाली कहानियों की ताकत और विविधता को दर्शाती है।
फिल्म की लेखिका और निर्देशक लक्ष्मीप्रिया देवी हैं। ‘बूंग’ का प्रीमियर सबसे पहले प्रतिष्ठित टोरंटो अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में किया गया था। इसके बाद यह फिल्म कई बड़े अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोहों में दिखाई गई।इनमें वारसॉ इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल, साओ पाउलो इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल, एडिलेड फिल्म फेस्टिवल और टालिन ब्लैक नाइट्स फिल्म फेस्टिवलजैसे प्रतिष्ठित आयोजन शामिल हैं। इन सभी जगहों पर फिल्म को दर्शकों और समीक्षकों से काफी सराहना मिली।
‘बूंग’ की कहानी मणिपुर के एक छोटे से लड़के के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसका किरदार गुगुन किपगेन ने निभाया है। फिल्म में दिखाया गया है कि यह बच्चा अपने बिखरे हुए परिवार को दोबारा जोड़ने की कोशिश करता है।उसकी परवरिश उसकी सिंगल मदर मंदाकिनी करती हैं, जिसका किरदार बाला हिजाम निंगथौजम ने निभाया है। अपने सबसे अच्छे दोस्त के साथ वह अपने लापता पिता को खोजने के भावनात्मक सफर पर निकलता है।
फिल्म उम्मीद, संघर्ष और मां-बेटे के गहरे रिश्ते जैसी भावनाओं को बेहद संवेदनशील तरीके से पेश करती है। यही वजह है कि ‘बूंग’ ने न केवल बॉक्स ऑफिस पर सफलता हासिल की, बल्कि दर्शकों के दिलों में भी खास जगह बनाई है।