'सबकी सदस्यता खत्म होगी...', बागी AAP सांसदों पर बरसे संजय सिंह; बोले- गद्दारी की मिलेगी सजा

Sanjay Singh Reaction On AAP MPs: संजय सिंह ने कहा कि जिन सात लोगों ने AAP को तोड़कर भारतीय जनता पार्टी में विलय करने का फैसला लिया है, मैं माननीय राज्यसभा सभापति को एक पत्र प्रस्तुत करूंगा।
sanjay-singh-aap-indore-visit-target-bjp-and-central-government
संजय सिंह (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

AAP MPs Join BJP Sanjay Singh Reaction: आम आदमी पार्टी के पार्टी के सीनियर लीडर और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने AAP राज्यसभा सांसदों के पार्टी छोड़ने और बीजेपी में जाने को लेकर कड़ा संदेश दिया है। संजय सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पार्टी से बगावत करके जाने वाले सातों राज्यसभा सांसदों को संदेश दिया। इस दौरान उन्होंने साफ कहा कि जिस दल से आप चुने गए है अगर आपको उससे मतभेद है, तो इस्तीफा दीजिये। और जहां जाना है जाइए। बता दें आम आदमी पार्टी के सात राज्यसभा सांसदों ने आप छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए थे। इसके बाद से राजनीति तेज हो गई थी।

सबकी सदस्यता खत्म होगी- संजय सिंह

इस दौरान आप नेता संजय सिंह ने कहा कि कई संविधान के ज्ञाताओं ने, देश के वरिष्ठ अधिवक्ता और संविधान के विशेषज्ञ कपिल सिब्बल, पी.डी.टी. आचारी ने और तमाम लोगों ने यह साफ कर दिया है कि जिन सात लोगों ने आम आदमी पार्टी को तोड़कर भारतीय जनता पार्टी में विलय करने का फैसला लिया है, उनकी सबकी सदस्यता खत्म होगी, रद्द होगी, समाप्त होगी।

सभापति से अयोग्य घोषित करने की मांग

इसके पहले सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स में लिखा था कि 'मैं माननीय राज्यसभा सभापति को एक पत्र प्रस्तुत करूंगा, जिसमें राघव चड्ढा, अशोक मित्तल और संदीप पाठक को भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने के कारण राज्यसभा की सदस्यता से अयोग्य घोषित करने की मांग की जाएगी, क्योंकि यह संविधान की दसवीं अनुसूची के अंतर्गत स्वेच्छा से अपनी पार्टी की सदस्यता त्यागने के समान है।

पंजाब के साथ की गद्दारी

इसके पहले आप सांसद संजय सिंह ने भाजपा पर गद्दारी का आरोप लगाते हुए कहा था कि BJP अमित शाह ने 'ऑपरेशन लोटस' चलाकर सांसदों को तोड़कर, पंजाब के साथ गद्दारी की है। सातों सांसदों को AAP और पंजाब की जनता ने प्यार और आशीर्वाद भी दिया है। अब गद्दारी की सजा भी देगी।' दो दिन पहले आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा सात आप राज्यसभा सांसदों के साथ भाजपा का दामन थाम लिया था। राघव चढ्ढा के इस निर्णय ने सबको चौंका दिया था।

इस दौरान चढ्ढा ने आप और अरविंद केजरीवाल पर मूल सिद्धांतों से भटकने का आरोप लगाते हुए खुद को 'गलत पार्टी में सही व्यक्ति' बताया था। इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया था कि आम आदमी पार्टी अब राष्ट्र-निर्माण के बजाय अपने निजी हित के लिए ही काम कर रही है। राघव और अन्य सांसदों के इस कदम को AAP ने 'ऑपरेशन लोटस' और विश्वासघात करार दिया था।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com