बिलासपुर ट्रेन हादसे में अब तक 8 लोगों की मौत...17 लोगों की हालत गंभीर, भयावह है मंजर

Bilaspur Train Accident Live: बिलासपुर के लालखदान में हावड़ा रूट पर मेमू ट्रेन और मालगाड़ी की जोरदार टक्कर हुई, इस हादसे में अभी तक 8 यात्रियों की मौत और 16-17 की हालत गंभीर होने की सूचना है।
Bilaspur Train Accident Death Toll
बिलासपुर ट्रेन हादसे में अब तक 8 लोगों की मौत
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Bilaspur Train accident Death Toll: बिलासपुर रेलवे डिविजन के तहत लालखदान क्षेत्र में मंगलवार दोपहर करीब 4 बजे एक भयावह ट्रेन हादसा हुआ। हावड़ा रूट पर चल रही एक पैसेंजर मेमू ट्रेन का एक डिब्बा अचानक मालगाड़ी से आमने-सामने टकरा गया। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि मेमू ट्रेन के कई डिब्बे पटरी से उतर गए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस हादसे में अब तक 8 यात्रियों की मौत हो गई है, वहीं दर्जनों यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।  बिलासपुर के डीसी संजय अग्रवाल ने कहा, "इस हादसे में कुल आठ लोगों की मौत हो गई है। दो लोग अभी भी यहाँ फंसे हुए हैं... 16-17 लोगों की हालत गंभीर है। यह एक बड़ा हादसा है। सभी लोग यहाँ मौजूद हैं और हम बचाव कार्य कर रहे हैं..."

CM साय ने वीडियो कॉल पर की बात

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने वीडियो कॉल पर जिला कलेक्टर संजय अग्रवाल से बिलासपुर ट्रेन दुर्घटना का संज्ञान लिया। और ट्वीट कर कहा, "बिलासपुर के निकट हुई रेल दुर्घटना का समाचार अत्यंत हृदयविदारक है। बिलासपुर जिला कलेक्टर से जानकारी प्राप्त कर उन्हें हर संभव सहायता एवं राहत प्रदान करने के निर्देश दिए गए हैं। राज्य सरकार इस कठिन समय में प्रभावित परिवारों के साथ है। रेलवे और प्रशासन की टीमें राहत एवं बचाव कार्यों के लिए तत्काल कार्य में जुट गई हैं। घायलों के उपचार हेतु सभी आवश्यक संसाधन एवं चिकित्सा सहायता सुनिश्चित की जा रही है। राज्य सरकार पूरी सतर्कता एवं संवेदनशीलता के साथ स्थिति पर कड़ी निगरानी रख रही है।"

ब्रेक फेलियर या मानवीय त्रुटि?

जांच टीम अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि सिग्नल ओवरशूट होने के पीछे तकनीकी खामी थी या मानवीय गलती। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि MEMU ट्रेनों में आधुनिक सिग्नलिंग और ब्रेकिंग सिस्टम होता है, जिससे इस तरह की चूक कम ही होती है। फिर भी, हादसे के वक्त ट्रेन की स्पीड कितनी थी और क्या ब्रेकिंग सिस्टम सही तरीके से काम कर रहा था, इसकी जांच की जा रही है। एक अधिकारी ने बताया, “अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि लोको पायलट की गलती थी या सिस्टम फेलियर। हादसे का विश्लेषण किया जा रहा है।”

टक्कर के बाद अफरातफरी, जांच टीम सक्रिय

टक्कर के बाद बिलासपुर स्टेशन यार्ड में अफरातफरी मच गई। राहत और बचाव टीमों ने तुरंत मोर्चा संभाला और यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। छह यात्रियों की मौत और दर्जनभर के घायल होने की पुष्टि हो चुकी है। मौके पर रेलवे के उच्च अधिकारी और तकनीकी विशेषज्ञ मौजूद हैं, और घटना की विस्तृत जांच की जा रही है।

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