निर्मला सीतारमण (Image- IANS)
Budget Proposals for Tier 2 City: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2026 में देश के टियर-2 और टियर-3 शहरों पर खास ध्यान देने का प्रस्ताव किया है। इन छोटे शहरों के लिए सरकार ने 5,000 करोड़ रुपये का प्रस्ताव रखा है।
सीतारमण ने लोकसभा में बजट पेश करते हुए कहा कि सरकार का लक्ष्य तीर्थ नगरियों वाले शहरों का विकास भी है। उन्होंने बताया कि इन शहरों की आर्थिक क्षमता को बढ़ाकर उनका विकास किया जाएगा।
वित्त मंत्री ने कहा, “हमारा ध्यान अब टियर-2 और टियर-3 शहरों और तीर्थ नगरों पर केंद्रित है। ये शहर भारत के विकास और नई तकनीकों के इस्तेमाल के प्रमुख इंजन हैं।”
उन्होंने बताया कि इन शहरों को आधुनिक संरचना और बुनियादी सुविधाएं देने के लिए सरकार पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। इस बजट का लक्ष्य इन शहरों के विशिष्ट विकास के आधार पर उनकी आर्थिक क्षमता का उपयोग करना है।
इसके अलावा, 5 साल में प्रति सीईआर 5,000 करोड़ रुपये का आवंटन किया जाएगा। इस राशि का इस्तेमाल इन छोटे शहरों के विकास में किया जाएगा।
निर्मला सीतारमण का यह नौंवां बजट था, जिसमें रोजगार, किसानों और युवाओं के लिए कई महत्वपूर्ण ऐलान किए गए हैं। उनके बजट भाषण में टियर-2 और टियर-3 शहरों का जिक्र इस बात को साबित करता है कि आगामी वित्त वर्ष में सरकार इन शहरों पर अधिक ध्यान देने वाली है।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को अपने बजट भाषण में UDAN (उड़ान) योजना को नया जोर दिया। उन्होंने घोषणा की कि योजना के तहत अगले 10 साल में देश के 120 नए शहरों को हवाई नेटवर्क से जोड़ा जाएगा।
यह भी पढ़ें- Budget 2026: निर्मला सीतारमण का बड़ा ऐलान, NRI के लिए खुले निवेश के द्वार, बढ़ाई सीमा
वित्त मंत्री ने बताया कि हवाई नक्शा पूरी तरह बदल जाएगा और इसके लिए इन्फ्रास्ट्रक्चर मजबूत किया जाएगा ताकि आम आदमी के लिए हवाई सुविधा उपलब्ध हो सके। UDAN योजना का मूल उद्देश्य यही है कि हवाई यात्रा सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित न रहे, बल्कि छोटे शहरों और दूर-दराज के इलाकों तक भी पहुंचे। बजट दस्तावेज में क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को अगले दशक की प्रमुख प्राथमिकता बताया गया है।