SBI से कर्ज लेना पड़ेगा महंगा, 15 नवंबर से बढ़ेगा इंटरेस्ट रेट

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने आज से ही अपना नए मॉर्जिन कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट्स यानी एमसीएलआर जारी कर दिए हैं। जिसके अनुसार, 3 महीने की अवधि वाले मौजूदा एमसीएलआर को 8.50 फीसदी से बढ़ाकर 8.55 फीसदी कर दिया गया है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स-सोशल मीडिया)
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नई दिल्ली : स्टेट बैंक ऑफ इंडिया जो देश के सबसे बड़े सरकारी बैंकों में से एक है। आज इस बैंक ने आम जनता को जोरदार झटका दे दिया है, क्योंकि अब एसबीआई ने कर्ज लेना और भी ज्यादा महंगा हो गया है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने 15 सितंबर यानी आज से ही कर्ज पर दी जाने वाली ब्याजदरों में बढ़ोत्तरी करने की घोषणा कर दी है। एसबीआई ने आज ही लेटेस्ट मॉर्जिन कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट्स यानी एमसीएलआर का ऐलान कर दिया है। जिसके कारण सीधे तौर पर इंटरेस्ट रेट्स में 5 बेसिस प्वाइंट्स तक की बढ़त हुई है, जो आज से ही लागू हो चुकी है।

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने आज से ही अपना नए मॉर्जिन कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट्स यानी एमसीएलआर जारी कर दिए हैं। जिसके अनुसार, 3 महीने की अवधि वाले मौजूदा एमसीएलआर को 8.50 फीसदी से बढ़ाकर 8.55 फीसदी कर दिया गया है। इतना ही नहीं 6 महीने अवधि वाले एमसीएलआर को भी 8.85 प्रतिशत से बढ़ाकर 8.90 प्रतिशत कर दिया गया है। साथ ही 1 साल की अवधि वाले एमसीएलआर को 9 प्रतिशत तक कर दिया है, जो कि पहले 8.50 प्रतिशत हुआ करता था। 2 और 3 साल की अवधि वाले एमसीएलआर में किसी भी प्रकार की कोई बढ़त नहीं की गई है। फिलहाल 2 साल की अवधि वाले कर्ज का एमसीएलआर 9.05 प्रतिशत है और 3 साल की अवधि वाले कर्ज का एमसीएलआर 9.10 प्रतिशत तक है।

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आम जनता पर क्या होगा असर ?

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने अपने वेबसाइट पर मॉर्जिन कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट्स में बदलाव की जानकारी को शेयर किया है। इस रेट के माध्यम से ही बैंक कार लोन और पर्सनल लोन जैसे लोन्स की ब्याज दरों को निर्धारित करते हैं। अगर कोई भी बैंक मार्जिनल कॉस्ट ऑफ लेंडिंग रेट में बदलाव करता है, तो इसका सीधा असर एजुकेशन लोन, पर्सनल लोन, होम लोन और कार लोन की ईएमआई पर पड़ता है। एसबीआई के इस नतीजे का खामियाजा इन लोन लेंडर्स को भुगतना पड़ सकता है और इन्हें ज्यादा ईएमआई का भुगतान करना पड़ेगा।

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