अप्रैल से जून में घटा सरकार का डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन, 1.39 की गिरावट के साथ 4.59 लाख करोड़ रुपये रहा
पहलगाम हमले के बाद से लेकर ऑपरेशन सिंदूर की अवधि के दौरान अप्रैल से जून के महीने में टैक्स कलेक्शन में गिरावट आयी है। इस गिरावट के कारण एडवांस टैक्स कलेक्शन में सिर्फ 3.84 प्रतिशत की बढ़त देखने के लिए मिली है।
- Written By: अपूर्वा नायक
डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन (सौ. सोशल मीडिया )
नई दिल्ली: केंद्र सरकार हर साल देश के टैक्सपेयर्स से टैक्स जमा करती है। इसी सिलसिले में कुछ चौंकाने वाले आंकड़े सामने है। जिसके अनुसार ये पता चला है कि सरकार के नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन में गिरावट देखी जा रही है।
फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में Direct Tax Collection में 1.39 फीसदी नीचे गिरकर 4.59 लाख करोड़ तक हो गया है। सरकार द्वारा शनिवार को इससे जुड़े आंकड़े साझा कर ये जानकारी दी गई है। बताया जा रहा है कि टैक्स कलेक्शन में गिरावट एडवांस टैक्स कलेक्शन धीमा रहने के कारण आयी है।
आंकड़ों के अनुसार, 1 अप्रैल से 19 जून, 2025 के दौरान एडवांस टैक्स कलेक्शन सिर्फ 3.87 प्रतिशत बढ़कर 1.56 लाख करोड़ रुपये रहा। आपको बता दें कि इसी अवधि में भारत पाकिस्तान के बीच में युद्ध के हालात भी चल रहे थे। पिछले साल में तुलनात्मक अवधि में, एडवांस टैक्स कलेक्शन में 27 प्रतिशत की सालाना बढ़त दर्ज की गई थी।
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1 अप्रैल से 19 जून, 2025 के दौरान, कॉरपोरेट टैक्स कलेक्शन में तकरीबन 1.73 लाख करोड़ रुपये की नरमी देखी गई, जो पिछले साल की तुलना में 5 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट है। हालांकि, नॉन कॉरपोरेट टैक्स कलेक्शन, जिसमें प्रमुख तौर पर पर्सनल इनकम टैक्स शामिल है, 0.7 प्रतिशत की मामूली बढ़त के साथ 2.73 लाख करोड़ रुपये रहा है। इस अवधि के दौरान सिक्योरिटी ट्रांसेक्शन टैक्स यानी एसटीटी 12 प्रतिशत बढ़कर 13,013 करोड़ रुपये हो गया।
इसके अनुसार ये पता लगता है कि नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 1 अप्रैल से 19 जून, 2025 के दौरान लगभग 4.59 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले फाइनेंशियल ईयर के इसी टेन्योर में इकट्ठा किए गए 4.65 लाख करोड़ रुपये से 1.39 परसेंट कम है। चालू वित्त वर्ष में अब तक रिफंड जारी करने में 58 प्रतिशत की बढ़त हुई है और ये आंकड़ा 86,385 करोड़ रुपये हो गया है।
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अगर कॉरपोरेट टैक्स की बात की जाए तो इसके एडवांस टैक्स कलेक्शन 5.86 परसेंट तक बढ़कर 1.22 लाख करोड़ रुपये हो गया, जबकि नॉन कॉरपोरेट टैक्स कलेक्शन 2.68 फीसदी घटकर 33,928 करोड़ रुपये रह गया। कुल मिलाकर, 1 अप्रैल से 19 जून, 2025 के दौरान एडवांस टैक्स कलेक्शन 3.87 प्रतिशत ऊपर चढ़कर 1.55 लाख करोड़ रुपये हो गया।
(एजेंसी इनपुट के साथ)
