Budget 2026 से पहले बडा झटका: आज से 50 रुपये महंगा हुआ गैस सिलेंडर, देखें नए दाम

LPG Cylinder price hike: बजट के दिन आम आदमी को महंगाई का झटका लगा है। 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर के दाम 50 रुपये तक बढ़ गए हैं, जबकि घरेलू सिलेंडर की कीमतें स्थिर बनी हुई हैं।
Budget 2026 Shock: Commercial LPG Cylinder Prices Hiked by 50 Rupees Check New Rates
50 रुपये महंगा हुआ कमर्शियल गैस सिलेंडर (सोर्स-सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

LPG Price Hike News: फरवरी महीने की पहली तारीख को बजट पेश होने से ठीक पहले देश में महंगाई का एक बड़ा धमाका हुआ है। तेल कंपनियों ने 1 फरवरी 2026 से गैस सिलेंडर की कीमतों में भारी बढ़ोतरी करने का फैसला लिया है। LPG की कीमतों में बढ़ोतरी की खबर के अनुसार, 19 किलो वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम 50 रुपये तक बढ़ गए हैं। यह लगातार दूसरा महीना है जब ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने गैस की कीमतों में इजाफा कर लोगों को चौंकाया है।

महानगरों में नए दाम

देश की राजधानी दिल्ली में अब 19 किलो वाला कमर्शियल सिलेंडर 1691.50 रुपये से बढ़कर 1740.50 रुपये का हो गया है। कोलकाता में इसकी नई कीमत 1844.50 रुपये हो गई है, जबकि मुंबई में अब ग्राहकों को इसके लिए 1692 रुपये चुकाने होंगे। चेन्नई में सबसे अधिक 50 रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की गई है और अब वहां नया भाव 1899.50 रुपये तक पहुंच गया है।

लगातार दूसरी बढ़ोतरी

आपको बता दें कि यह लगातार दूसरा महीना है जब कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में इजाफा किया गया है। इससे पहले 1 जनवरी 2026 को कंपनियों ने कीमतों में 111 रुपये की भारी बढ़ोतरी कर साल की शुरुआत की थी। बजट वाले दिन आई इस खबर ने व्यापारियों और रेस्टोरेंट मालिकों की चिंता को काफी हद तक बढ़ा दिया है।

घरेलू ग्राहकों को राहत

इस महंगाई के बीच राहत की बात यह है कि 14 किलो वाले घरेलू गैस सिलेंडर के दाम नहीं बढ़े हैं। घरेलू सिलेंडर की कीमतें 8 अप्रैल 2025 के पुराने भाव पर ही स्थिर हैं और उनमें कोई बदलाव नहीं है। दिल्ली में घरेलू सिलेंडर 853, कोलकाता में 879, मुंबई में 852 और चेन्नई में 868 पर मिल रहा है।

बजट और महंगाई

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा बजट पेश किए जाने से कुछ घंटे पहले ही इन नई दरों को लागू किया गया। ऑयल मार्केटिंग कंपनियां हर महीने की पहली तारीख को गैस सिलेंडर की कीमतों की समीक्षा कर उन्हें जारी करती हैं। 1 फरवरी से लागू हुए इस बदलाव का सीधा असर बाहर खाना खाने और कमर्शियल उपयोग करने वालों पर पड़ेगा।

आर्थिक बोझ में वृद्धि

लगातार बढ़ती कीमतों के कारण छोटे व्यापारियों और होटल उद्योग पर आर्थिक बोझ लगातार बढ़ता जा रहा है। दिसंबर के मुकाबले फरवरी तक गैस की कीमतों में लगभग 161 की कुल बढ़ोतरी देखने को मिली है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इन बदलावों से आने वाले समय में खाने-पीने की चीजें भी महंगी हो सकती हैं।

व्यापार पर गहरा असर

व्यापारिक संगठनों का कहना है कि लागत बढ़ने से उन्हें अपनी सेवाओं के दाम बढ़ाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। कमर्शियल गैस के दाम बढ़ने से मिड-डे मील और टिफिन सर्विस देने वालों को भी काफी समस्याओं का सामना करना होगा। कंपनियों ने फिलहाल कमर्शियल सेक्टर को निशाना बनाया है लेकिन भविष्य में घरेलू गैस पर भी दबाव बढ़ सकता है।

कीमतों में स्थिरता की मांग

उपभोक्ता संगठनों ने सरकार से मांग की है कि बजट में ऊर्जा की कीमतों को नियंत्रित करने के उपाय किए जाएं। लगातार दूसरे महीने हुई इस बढ़ोतरी ने बजट के उत्साह को आम व्यापारियों के लिए थोड़ा कम कर दिया है। अब देखना यह होगा कि वित्त मंत्री के बजट पिटारे से आम आदमी के लिए भविष्य में क्या राहत निकलती है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com