

Voter Card Controvers: 'वोट चोरी' और वोटर लिस्ट रिवीजन के बीच बिहार में NDA की एक सांसद व एक एमएलसी के पास दो-दो निर्वाचन कार्ड मिला है। दोनों नेताओं को निर्वाचन अधिकारी द्वारा नोटिस जारी किया गया है। सांसद का नाम वीणा देवी है और वैशाली से लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के टिकट पर चुनाव लड़ी थीं। इसके अलावा उनके पति जनता दल यूनाइटेड के एमएलसी दिनेश सिंह को भी नोटिस भेजा गया है।
इससे पहले राजद नेता व पूर्व डिप्टी सीएम के पास भी दो-दो निर्वाचन कार्ड रखने का मामला सामने आया था। तब उन्हें भी चुनाव आयोग नोटिस भेज जवाब मांगा था। इसके बाद तेजस्वी यादव ने लिखित में चुनाव आयोग को अपना जवाब दिया था।
न्यूज एजेंसी के मुताबिक चुनाव आयोग ने कर्रवाई तब कि जब तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया एक्स पर दावा किया कि सासंद वीणा देवी और उनके पति दिनेश सिंह के पास दो-दो निर्वाचन कार्ड हैं। उन्होंने वोटर लिस्ट रिवीजन के तहत प्रकाशित ड्राफ्ट वोटर लिस्ट के स्क्रीनशॉट साझा करते हुए कहा कि यह "धोखाधड़ी, हेरफेर और चुनाव आयोग की मिलीभगत" का मामला है, जिससे भाजपा-एनडीए को चुनाव में फायदा पहुंचाया जा सके।
मिली जानकारी के अनुसार मुजफ्फरपुर विधानसभा क्षेत्र के निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी ने सासंद व एमएलसी को नोटिस भेजकर 16 अगस्त तक जवाब देने को कहा है। वहीं सांसद वीणा देवी ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए आरोपों खंडन करते हुए बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि मुझे नहीं पता कि मेरा नाम मुजफ्फरपुर विधानसभा की वोटर लिस्ट में कैसे आ गया। मैं केवल साहेबगंज विधानसभा की रजिस्टर्ड वोटर हूं। इस बारे में मुझे मीडिया से पता चला है।
वीणा देवी ने साफतौर पर दो-दो निर्वाचन कार्ड का ठीकरा लापरवाह चुनाव अधिकारियों पर फोड़ दिया। उन्होंने कहा कि मैंने मुजफ्फरपुर विधानसभा की वोटर लिस्ट से अपना नाम हटवाने के लिए आवेद न दे दिया है। वहीं तेजस्वी यादव पर पलटवार करते हुए कहा कि वो विपक्ष के नेता हैं। इसलिए सत्ता पक्ष के नेताओं पर ऐसे आरोप लगाएंगे। पहले वोटर लिस्ट रिवीजन को लेकर गर्मायी सियासत ने नए विवाद को जन्म दे दिया है। हालांकि अब 16 अगस्त पर निगाहें कि वीणा देवी और उनके पति क्या जवाब देते हैं।