बिहार में तेजस्वी के लिए 'काल' बनी कांग्रेस! पहले विधानसभा चुनाव में किया कांड...अब हरा दिया राज्यसभा इलेक्शन

Bihar Politics: बिहार की पांच राज्यसभा सीटों पर हुए चुनाव में आरजेडी उम्मीदवार अमरेंद्र धारी सिंह को हार का सामना करना पड़ा है। इस हार के पीछे कांग्रेस बड़ी वजह बनकर सामने आई हैं।
congress turns trouble for tejashwi in bihar after rajya sabha election setback
तेजस्वी यादव व राहुल गांधी (कॉन्सेप्ट फोटो)
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Bihar Rajya Sabha Chunav: बिहार में कांग्रेस पार्टी से गठबंधन तेजस्वी यादव के लिए एक बार फिर भारी पड़ गया है। बिहार की पांच राज्यसभा सीटों पर हुए चुनाव में आरजेडी उम्मीदवार अमरेंद्र दारी सिंह को हार का सामना करना पड़ा है। इस हार के पीछे कांग्रेस बड़ी वजह बनकर सामने आई हैं।

राज्यसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के तीन विधायक वोट करने नहीं पहुंचे। इसके साथ ही आरजेडी के विधायक फैसल रहमान ने भी मतदान में हिस्सा नहीं लिया। फैसल रहमान ने बताया कि उनकी मां की तबीयत ख़राब है और वह इलाज के लिए दिल्ली में हैं। लेकिन कांग्रेस के तीन विधायक 'लापता' हैं।

तेजस्वी ने कर लिया था 6 वोट का इंतजाम

तेजस्वी यादव ने बड़े जतन ने असदुद्दीन ओवैसी AIMIM और मायावती की पार्टी बीएसपी का समर्थन जुटाकर एडी सिंह की जीत के लिए घट रहे 6 वोटों का बंदोबस्त कर दिया था। लेकिन महागठबंधन के अपने 4 विधायकों के वोटिंग से दूरी बनाने के कारण एडी सिंह को हार का सामना करना पड़ा है।

कांग्रेस ने आसान कर दिया NDA का काम

जिस तरह से पांचवीं सीट पर भाजपा ने 1 वोट से जीत दर्ज की है। उस लिहाज से देखें तो अगर आरजेडी विधायक फैसल वोटिंग के लिए आते तो भी मामला बराबर होता। तब भी कांग्रेस के एक विधायक की जरूरत होती। लेकिन कांग्रेस के तीन विधायकों ने नदारद रहकर NDA का काम आसान कर दिया।

विधानसभा चुनाव में भी हुआ था ये कांड

इससे पहले विधानसभा चुनाव के दौरान भी कांग्रेस की वजह से तेजस्वी यादव को नुकसान उठाना पड़ा था। तब सीट बंटवारे पर सहमति न बनने के कारण वोटर्स में कन्फ्यूजन देखने को मिला था। सीटों का नंबर तो तय भी हो गया था, लेकिन कौन कहां से चुनाव लड़ेगा यह नहीं तय हो पाया था।

बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान महागठबंधन में चल रही रस्साकसी के चलते सीट बंटवारे का आधिकारिक ऐलान नहीं हो सका। तमाम विधानसभाओं में कांग्रेस और आरजेडी ने ऐन मौके पर उम्मीदवार उतारे थे। जिसका नतीजा महागठबंधन की करारी हार के रूप में सामने आया था।

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