'हम तो डूबे सनम, तुम्हें भी ले डूबेंगे...', राहुल गांधी पर अमित मालवीय ने कसा तंज

Bihar में इंडिया गठबंधन की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ का सोमवार को समापन होने जा रहा है। इसमें राजद के किसी भी नेता की तस्वीर नहीं लगाई गई। इसे लेकर भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने तंज कसा है।
amit malviya
अमित मालवीया, फोटो- सोशल मीडिया
Published on
Updated on

Voter Adhikar Yatra Banner Controversy: वोटर अधिकार यात्रा समापन कार्यक्रम में कांग्रेस नेता राहुल गांधी, राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा के बड़े-बड़े होर्डिंग लगाए गए हैं लेकिन राष्ट्रीय जनता दल के किसी भी नेता की तस्वीर नहीं लगाई गई है। ना ही लालू प्रसाद यादव की और ना ही उनके पुत्र तेजस्वी यादव की।

वोटर अधिकार यात्रा के समापन के खास मौके पर राजधानी पटना के गांधी मैदान से इंडिया गठबंधन की ओर से एक पैदल मार्च का आयोजन किया गया है, जिसका समापन अंबेडकर मूर्ति के समक्ष होना है। भाजपा के आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने तंज कसते हुए विपक्ष को घेरने की कोशिश की है। अमित मालवीय ने इसी सिलसिले में सोशल मीडिया पर पोस्ट किया है।

अमित मालवीय ने किया पोस्ट

उन्होंने इस संबंध में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट भी किया है। उन्होंने पोस्ट में लिखा, ''कांग्रेस को बिहार से गायब किया राजद ने, और अब कांग्रेस राजद को गायब करने पर तुली है। देश की राजनीति से कांग्रेस लगभग खत्म हो चुकी है और आगे भी उसके दिखने के कोई आसार नहीं। लगता है राहुल गांधी ने ठान लिया है। हम तो डूबे सनम, तुम्हें भी ले डूबेंगे।''

amit malviya

उन्होंने आगे लिखा, ''राहुल गांधी और लालू प्रसाद जी की दुश्मनी कोई नई नहीं है। लालू जी को चुनावी राजनीति से बाहर करने का काम कांग्रेस सरकार के दौरान राहुल गांधी ने ही किया था। आज इतिहास खुद को दोहरा रहा है। राहुल गांधी ने तेजस्वी को बाहर करने का संकेत दे दिया है।''

दिसंबर की ठंड में मचेगा भेड़ियाधसान

उन्होंने कहा कि चुनाव हारने के बाद दिसंबर की ठंड में महाठगबंधन में जो भेड़ियाधसान मचने वाला है, उसकी शुरुआत कांग्रेस ने आज गांधी मैदान से कर दी है। बता दें कि इंडिया गठबंधन की ओर से ‘वोटर अधिकार यात्रा’ 17 अगस्त को बिहार के सासाराम से शुरू की गई थी। इसका नेतृत्व राहुल गांधी ने किया, जिसका मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची में हेराफेरी और 'वोट चोरी' के कथित आरोपों को उजागर करना, मतदाताओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना और निर्वाचन आयोग की विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) प्रक्रिया के खिलाफ अभियान चलाना था।

आईएएनएस इनपुट के साथ

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com