

Smart Glasses Ban While Driving: स्मार्टफोन के साथ ही अब टेक्नोलॉजी की दुनिया का अगला बड़ा इनोवेशन AI Smart Glasses बन गया है। वहीं इस तकनीक के ऊपर गूगल, सैमसंग और ऐप्पल जैसी दिग्गज कंपनियां तेजी से काम कर रही हैं। जानकारी के लिए बता दें कि इन स्मार्ट चश्मों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के आने से यूजर्स को नेविगेशन, नोटिफिकेशन और रियल-टाइम जानकारी जैसी कई सुविधाएं सीधे आंखों के सामने मिलने लगी हैं। ऐसे में कई लोग इसको भविष्य मान रही है वहीं दूसरी ओर इसे लेकर सुरक्षा संबंधी चिंताएं भी काफी बढ़ गई है।
ऐसे में अमेरिका के इलिनॉयस राज्य में ड्राइवरों द्वारा AI Smart Glasses के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी शुरू कर दी गई है। ऐसे में अगर यह कानून लागू होता है तो इलिनॉयस ऐसा कदम उठाने वाला अमेरिका का पहला राज्य बन जाएगा जो AI Smart Glasses को अपने राज्य में ड्राइविंग के दौरान बैन करेंगा।
रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि इलिनॉयस में ड्राइविंग के दौरान AI-पावर्ड स्मार्टग्लासेस पर प्रतिबंध लगाने वाला बिल विधानसभा से पास हो चुका है। जिसके बाद अब बस गवर्नर की मंजूरी का इंतजार किया जा रहा है। ऐसे में कानून लागू होने के बाद ड्राइवर किसी भी प्रकार के स्मार्ट चश्मे का इस्तेमाल वाहन चलाते समय नहीं कर पाएंगे। इसके अदंर डिस्प्ले वाले और AI फीचर्स से लैस सभी स्मार्टग्लासेस शामिल किए जा रहे है। वहीं इस नियम को तोड़ने वालों पर 7,000 रुपये से 15,000 रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
वहीं पेश किए गए प्रस्तावित में कानून को सिर्फ जुर्माने तक सीमित नहीं रखा गया है। बताया जा रहा है कि अगर कोई स्मार्टग्लासेस के इस्तेमाल की वजह से सड़क दुर्घटना का शिकार होता है और उसमें किसी को चोट लगती है या मौत हो जाती है तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक मुकदमा भी दर्ज किया जा सकता है। वहीं यह एक कारण भी है कि कानून टेक्नोलॉजी और सड़क सुरक्षा के बीच संतुलन बनाने की कोशिश करने में लगा हुआ है।
इस मामले को देखते हुए विशेषज्ञों का कहना है कि ड्राइविंग के दौरान आंखों के सामने लगातार डिजिटल जानकारी दिखाई देना ध्यान भटकाने का बड़ा कारण बन सकता है। बता दें कि स्मार्टग्लासेस यूजर के फील्ड ऑफ विजन में नेविगेशन, मैसेज, सोशल मीडिया नोटिफिकेशन और अन्य जानकारी दिखाते हैं। ऐसे में अगर वाहन चलाते समय अचानक कोई नोटिफिकेशन सामने आ जाए तो ड्राइवर का फोकस सड़क से हट सकता है और यही कारण है कि कई कोर्टरूम, परीक्षा केंद्र और सार्वजनिक स्थानों पर पहले से ही स्मार्टग्लासेस के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाया गया है।
अभी के समय को देखते हुए AI Smart Glasses की तकनीक को भविष्य की बड़ी क्रांति के रूप में देखा जा रहा है लेकिन सड़क सुरक्षा से जुड़े सवाल भी लगातार उठ रहे हैं। ऐसे में इलिनॉयस का यह कदम आने वाले समय में दूसरे राज्यों और देशों के लिए भी एक मिसाल बन कर सामने आएगा जहां तकनीक और सुरक्षा के बीच सही संतुलन तलाशने की कोशिश की जाएगी।