US Landlord Sexual Harassment Case: पेंसिल्वेनिया में भारतीय मूल के मकान मालिक वेंकटचलम मणि पर अपनी महिला किरायेदार का लगातार यौन उत्पीड़न करने का गंभीर आरोप लगा है। इस मामले में अमेरिकी न्याय विभाग (DOJ) ने आरोपी के खिलाफ जिला अदालत में फेडरल केस दर्ज कराया है।
पीड़ित महिला किरायेदार ने जब मकान मालिक के अवांछित यौन प्रस्तावों को सिरे से खारिज कर दिया, तो आरोपी वेंकटचलम मणि बदला लेने पर उतर आया। उसने कड़ाके की ठंड होने के बावजूद महिला के घर का खराब फर्नेस ठीक कराने से साफ इनकार कर दिया, जिससे बाद में हीटर में भीषण आग लग गई।
मकान मालिक वेंकटचलम मणि ने अपनी महिला किरायेदार के साथ शारीरिक संबंध बनाने की कोशिश की और उसे गलत नीयत से छुआ। जब महिला ने मणि के अवांछित यौन प्रस्तावों को सिरे से खारिज कर दिया, तो वह बदला लेने पर उतर आया।
पेंसिल्वेनिया में कड़ाके की ठंड के बावजूद मणि ने महिला के घर का खराब हीटर ठीक कराने से साफ इनकार कर दिया। पीड़ित महिला बार-बार मरम्मत की गुहार लगाती रही, लेकिन मणि ने उसकी एक न सुनी। बाद में हीटर खराब रहने से घर में भीषण आग लग गई।
भीषण आग लग जाने के कारण पीड़ित महिला और उसके छोटे बच्चों को कड़ाके की ठंड में बिना किसी सहारे के वह घर छोड़ना पड़ा। मकान मालिक की इस हरकत के कारण पूरा मासूम परिवार कड़ाके की ठंड में बेघर होकर भटकने को मजबूर हो गया।
अमेरिकी न्याय विभाग की असिस्टेंट अटॉर्नी जनरल हरमीत के. ढिल्लों ने इस कृत्य को पूरी तरह गैर-कानूनी बताया। उन्होंने कहा कि मकान मालिक ने कड़ाके की ठंड में महिला के घर का हीटर केवल इसलिए ठीक नहीं कराया क्योंकि उसने यौन संबंधों से इनकार किया था।
ढिल्लों ने स्पष्ट किया कि न्याय विभाग देश में महिला किरायेदारों के अधिकारों की पूरी तरह रक्षा करेगा। वहीं पेंसिल्वेनिया के यूएस अटॉर्नी ब्रायन डी. मिलर ने साफ कहा कि किरायेदारों के साथ यौन शोषण और बदले की कार्रवाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
यह मामला तब सामने आया जब पीड़ित महिला ने अमेरिकी आवास एवं शहरी विकास विभाग (HUD) में शिकायत दर्ज कराई। एचयूडी की विस्तृत जांच में साबित हुआ कि आरोपी मकान मालिक मणि ने ‘Fair Housing Act’ का सीधा उल्लंघन किया है।
इसके बाद मामले को न्याय विभाग को सौंपा गया, जिसने अब संघीय कोर्ट में मुकदमा दायर किया है। इस मुकदमे के जरिए पीड़ित महिला और उसके बच्चों के लिए मुआवजे की मांग की गई है, साथ ही आरोपी पर भविष्य में प्रॉपर्टी किराए पर देने से स्थायी रोक लगाने की अपील की गई है।