Highlights
सऊदी अरब पर हूतियों गुटो का लगातार अटैक
किंग खालिद एयरपोर्ट पर शनिवार को मिसाइल गिरा
हूति हमले में 12 लोगों की मौत की खबर है
सऊदी पर इस हमले की अमेरिका ने कड़ी निंदा की है
Houthis Attack Saudi Arabia: सऊदी इन दिनों फिर से हूथियों के निशाने पर है है। वहां के जनरल अथॉरिटी ऑफ सिविल एविएशन ने बताया कि शनिवार को रियाद में सऊदी अरब के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर मिसाइल गिरने से कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई और 300 से ज्यादा लोग घायल हो गए। GACA के अनुसार, मरने वालों में चार सऊदी नागरिक और कई अन्य देशों के निवासी शामिल थे। जिनमें दो बांग्लादेशी और अमेरिका, मिस्र, जॉर्डन, सीरिया, फिलिस्तीन और सूडान का एक-एक नागरिक शामिल था। कुछ घायलों की हालत गंभीर है और उनका कई अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार सभी घायलों का कई अस्पतालों में इलाज चल रहा है। हमले से संपत्ति का भी नुकसान हुआ है, जिसका आकलन अभी किया जा रहा है। पड़ोसी देश यमन में ईरान समर्थित हूथी विद्रोहियों के खिलाफ सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन द्वारा बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान शुरू किए जाने के बाद से, पिछले हफ्ते किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को कई बार निशाना बनाया गया है।
यह घटना 6 और 7 अक्टूबर को किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट और आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमलों के बाद हुई है।
अमेरिका ने सऊदी अरब पर हूती गुट के हालिया हमलों की कड़ी निंदा की है। इनमें रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर शनिवार को हुए हमले भी शामिल है। जिसमें कई बेगुनाह लोगों की जान चली गई, जिनमें एक अमेरिकी नागरिक भी शामिल था।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कहा कि ये निंदनीय हमले बेगुनाह नागरिकों की जान की खुलेआम अनदेखी को दिखाते हैं। इन्हें अब बंद होना चाहिए। हम सऊदी अरब और वहां के लोगों के साथ खड़े हैं और पीड़ितों व उनके परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करते हैं।
यमन के हूती विद्रोही गुटों के लगातार हमलों के बीच 5 अक्टूबर को तुर्की और पाकिस्तान ने बड़ा फैसला लेते हुए मक्का डिफेंस अलायंस को एक्टिवेट किया था। सऊदी अरब की सुरक्षा के लिए इस पैक्ट को लागू किया गया था। 'मक्का डिफेंस अलायंस' के तहत सामूहिक रक्षा उपायों को लागू करने और वहां तेजी से सैन्य क्षमताएं तैनात करने पर सहमति जताई गई है। यह फैसला रियाद में 'मक्का डिफेंस अलायंस' की पॉलिटिकल और डिफेंस स्ट्रैटेजिक कमेटी की एक इमरजेंसी बैठक में लिया गया, जिसमें तीनों देशों ने सुरक्षा से जुड़े घटनाक्रमों और सऊदी अरब के सामने मौजूद खतरों पर चर्चा की।
अमेरिका ने अपने सभी नागरिकों को सलाह दिया है कि वे इस एयरपोर्ट और इसके आस-पास के इलाकों में जाने से बचें। सऊदी अरब में काम करने वाले U.S. सरकारी कर्मचारियों को रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट का इस्तेमाल करने के लिए खास मंजूरी की जरूरत होती है। सुरक्षा जोखिमों के कारण सऊदी अरब में काम करने वाले यूएस सरकारी कर्मचारियों को यमन सीमा के 20 मील के दायरे में यात्रा करने की इजाजत नहीं है।