लश्कर-ए-तैयबा कमांडर बिलाल आरिफ सलाफी की हत्या (सोर्स- सोशल मीडिया) 
विदेश

लश्कर के गढ़ में आतंकी कमांडर की धुंरधर स्टाइल में हत्या, हमला देखकर खौफ में आया पाकिस्तान!

Bilal Arif Salafi Attack: मुरिदके में लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर बिलाल आरिफ सलाफी की हत्या के बाद सुरक्षा पर सवाल उठे हैं। हमलावरों ने गोलीबारी के बाद चाकू से कई वार किए, जांच जारी है।

अक्षय साहू

Lashkar Commander Bilal Arif Salafi Death: शनिवार को दुनिया भर में ईद की रौनक थी और पाकिस्तान में भी ईद की नमाज अदा की जा रही थी। लेकिन इस खुशी के मौके पर मुरिदके में एक खौफनाक घटना घटित हुई। यहां के 'मरकज तैयबा' में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के खूंखार कमांडर बिलाल आरिफ सलाफी की हत्या कर दी गई। यह हत्या न सिर्फ अपनी क्रूरता के लिए चर्चा में है, बल्कि इसकी स्टाइल भी लोगों को चौंका रही है।

ईद की नमाज के दौरान हमलावरों ने सबसे पहले गोलीबारी की, और फिर बिलाल आरिफ सलाफी को चाकू से कई वार करके मौत के घाट उतार दिया। इस खौफनाक वारदात ने हर किसी को चौंका दिया है। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर ये बिलाल आरिफ सलाफी कौन था, और उसकी हत्या क्यों और कैसे की गई?

लश्कर का गढ़ मरकज तैयबा

मरकज तैयबा को लश्कर-ए-तैयबा का एक सुरक्षित गढ़ माना जाता है, जहां से संगठन की अधिकांश गतिविधियां संचालित होती हैं। ऐसे एक हाई-सिक्योरिटी इलाके में इस प्रकार का हमला होना सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाता है। रिपोर्ट्स के अनुसार, हमलावर नमाज के बाद परिसर में घुसे और सीधे अपने टारगेट पर हमला किया। उन्होंने पहले गोलियां चलाईं और फिर चाकू से कई वार किए। हमला इतना तेजी से हुआ कि किसी को भी संभलने का मौका नहीं मिला।

कौन था बिलाल आरिफ सलाफी?

बिलाल आरिफ सलाफी सिर्फ एक सामान्य नाम नहीं था, बल्कि लश्कर-ए-तैयबा के संगठन में उसकी अहम भूमिका थी। वह युवाओं को संगठन में भर्ती करने, ट्रेनिंग देने और आतंकी विचारधारा फैलाने में सक्रिय था। उसकी हत्या से संगठन के भीतर हलचल मच गई है। वहीं, हमलावरों का फरार हो जाना और सुराग न मिल पाना सुरक्षा एजेंसियों के लिए चिंता का विषय बन गया है।

पाकिस्तानी सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

इस घटना के बाद पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं और जांच शुरू कर दी गई है, लेकिन अब तक हमलावरों का कोई पता नहीं चल सका है। यह हत्या सिर्फ एक साधारण घटना नहीं प्रतीत हो रही, बल्कि यह किसी बड़े साजिश का हिस्सा हो सकता है। आने वाले दिनों में जांच के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं, जो इस घटना के असली कारणों को उजागर कर सकते हैं।

राज ठाकरे की रैलियों में भीड़, फिर क्यों नहीं मिलते वोट? MNS चीफ ने चुनाव आयोग और BJP पर लगाए गंभीर आरोप

TMC सिंबल फ्रीज मामले में सुप्रीम कोर्ट सख्त, चुनाव आयोग से सोमवार तक मांगा जवाब, कहा- जल्दी निपटाओ मामला

एक खून माफ होता तो ज्ञानेश कुमार को गोली मार देते... मुख्य चुनाव आयुक्त पर मुकेश सहनी का विवादित बयान

सेवा संकल्प अभियान यात्रियों से पीएम मोदी की बातचीत, अनुभव सुनकर कहा- मैं भी आपके साथ-साथ चल रहा हूं

ग्रेटर नोएडा बस हादसे पर PM मोदी ने जताया दुख, मृतकों के परिवारों को 2 लाख और घायलों को 50 हजार की मदद का ऐलान