बेंजामिन नेतन्याहू (फोटो- सोशल मीडिया) 
विदेश

नेतन्याहू ने युद्ध को लेकर दिया बड़ा बयान, कहा- दुश्मनों के खिलाफ बड़ी जीत के करीब, हमास में हड़कंप

Isreal-Hamas War: इजरायल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने कहा कि गाजा में हमास के खिलाफ युद्ध अब समाप्ति के करीब है और वे सभी बंधकों को मुक्त कराने व ईरानी धुरी को हराने का प्रयास कर रहे हैं।

अक्षय साहू

Netanyahu Statement on Gaza: इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि गाज़ा में हमास के खिलाफ जारी युद्ध अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। उन्होंने यह टिप्पणी यरुशलम में नए केनेस्सेट संग्रहालय के उद्घाटन के मौके पर की, जो 1950 से 1966 तक इज़राइली संसद का कार्यस्थल रहा था।

नेतन्याहू ने कहा, "इन ऐतिहासिक दिनों में, जब हम उन लोगों के खिलाफ निर्णायक जीत की ओर बढ़ रहे हैं जो हमें मिटाना चाहते थे, जब हम इस अभियान के अंत के करीब हैं और ईरानी गठजोड़ के बचे हुए तत्वों को पराजित करने के साथ-साथ सभी बंधकों की रिहाई की कोशिशें कर रहे हैं। ऐसे समय में हम यरुशलम के दिल में अपने अस्तित्व और स्वतंत्रता का उत्सव मना रहे हैं।"

नेतन्याहू के खिलाफ हो रहे प्रदर्शन

इससे पहले प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को 'होस्टेज फैमिलीज फोरम' की तीखी आलोचना का सामना करना पड़ा। इसकी वजह यह थी कि उन्होंने हाल ही में दिए एक बयान में गाजा में जीवित 20 बंधकों की रिहाई का ही उल्लेख किया, जबकि उन लोगों को नजरअंदाज कर दिया जिन्हें इजरायल ने पहले ही मृत घोषित कर दिया है।

इससे एक दिन पहले, नेतन्याहू ने कहा था कि अमेरिका के साथ अतिरिक्त मानवीय उपायों पर चर्चा जारी है। इन प्रयासों में जमीन के रास्ते और एयरड्रॉप के जरिए राहत सामग्री पहुंचाने की रफ्तार बढ़ाना और गाजा में ह्यूमैनिटेरियन फाउंडेशन के वितरण केंद्रों की क्षमता को विस्तार देना शामिल है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में संयुक्त राष्ट्र सहित अन्य अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी इस मानवीय अभियान में सक्रिय भागीदारी करेंगी। हालांकि, उन्होंने अतीत में गाजा में संयुक्त राष्ट्र की भूमिका को लेकर आलोचना भी की है।

हमास पर लगाए गंभीर आरोप

नेतन्याहू ने हाल ही में एक बयान में कहा कि गाजा में जानबूझकर केवल इजरायली बंधकों को रखा गया है, जिन्हें हमास ने अपनी हिरासत में ले रखा है। उन्होंने वैश्विक मीडिया पर आरोप लगाया कि वह हमास द्वारा जारी की गई भ्रामक तस्वीरों और आंकड़ों पर भरोसा कर रहा है। भूख से पीड़ित बच्चों की जो तस्वीरें सामने आ रही हैं, नेतन्याहू के अनुसार वे या तो गलत हैं या पूरी तरह से मनगढ़ंत। उन्होंने इस तरह की खबरों को एक "दुष्प्रचार अभियान" करार देते हुए कहा कि इतिहास में हर यहूदी नरसंहार से पहले यहूदी समुदाय को बदनाम किया गया था, और यह उसी तरह की पूर्व-घोषणा हो सकती है।

(एजेंसी इनपुट के साथ)

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