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ईरान जंग का खौफ: एशिया में फिर लौटा 'कोरोना काल', कहीं WFH तो कहीं स्कूल बंद; जानें क्या हैं नए नियम?

Iran Israel War: ईरान युद्ध और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने से एशिया में गहराया ऊर्जा संकट। फिलीपींस में इमरजेंसी, पाकिस्तान में स्कूल बंद और कई देशों में WFH लागू, हालात फिर लॉकडाउन जैसे।

अमन उपाध्याय

Iran Us Israel War Energy Crisis: मिडिल ईस्ट में भड़की युद्ध की आग अब केवल सीमा तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि इसका सीधा असर एशिया के करोड़ों आम लोगों की जिंदगी पर पड़ने लगा है। ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद सामरिक रूप से महत्वपूर्ण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बंद होने से पूरे एशिया में ऊर्जा संकट  पैदा हो गया है। हालात इतने गंभीर हो गए हैं कि कई देशों में एक बार फिर कोविड-19 महामारी जैसे प्रतिबंधों की याद ताजा हो गई है।

फिलीपींस में नेशनल इमरजेंसी और पैदल चलते लोग

संकट की गंभीरता को देखते हुए फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनांड मार्कोस जूनियर ने देश में राष्ट्रीय ऊर्जा आपातकाल घोषित कर दिया है। ईंधन की भारी किल्लत के कारण वहां लोग पैदल दफ्तर जाने को मजबूर हैं। सरकार ने एक विशेष समिति का गठन किया है जो ईंधन, भोजन और दवाओं की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करेगी। साथ ही, जमाखोरी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

दक्षिण कोरिया और वियतनाम में कड़े प्रतिबंध

दक्षिण कोरिया में ऊर्जा बचाने के लिए सरकार ने 12 कड़े नियम लागू किए हैं। राष्ट्रपति ली जे-म्युंग ने नागरिकों से अपील की है कि वे कम समय तक शावर लें और रात में इलेक्ट्रॉनिक वाहन या फोन चार्ज न करें। दूसरी ओर, वियतनाम में विमान ईंधन की कमी के कारण वियतनाम एयरलाइंस ने 1 अप्रैल से कई घरेलू उड़ानें रद्द करने का फैसला किया है।

पाकिस्तान और श्रीलंका में 4-दिन का वर्क वीक

पड़ोसी देश पाकिस्तान में स्थिति बदतर होती जा रही है। प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ ने ऊर्जा खपत कम करने के लिए 4-दिवसीय कार्य सप्ताह और 50% कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम (WFH) लागू कर दिया है। इसके अलावा, वहां स्कूलों को दो हफ्ते के लिए बंद रखने का आदेश दिया गया है। श्रीलंका ने भी इसी राह पर चलते हुए हर बुधवार को छुट्टी घोषित कर दी है, जिससे सरकार को 25% तक ईंधन बचत की उम्मीद है।

थाईलैंड में AC पर पाबंदी

थाईलैंड सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के लिए WFH अनिवार्य कर दिया है और दफ्तरों में एसी का तापमान 26-27 डिग्री रखने का निर्देश दिया है। भारत में भी इस युद्ध का असर दिखने लगा है। उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के कई शहरों में पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें देखी जा रही हैं और लोग पैनिक बाइंग कर रहे हैं।

क्यों पैदा हुआ यह संकट?

एशिया के अधिकांश देश अपनी तेल और गैस जरूरतों का 70-80% हिस्सा 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' के जरिए पूरा करते हैं। युद्ध के कारण इस समुद्री मार्ग का बंद होना सप्लाई चेन को पूरी तरह ठप कर रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह जंग लंबी खिंची, तो आने वाले दिनों में और भी सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।

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