भारतीय सेना, फोटो (सो. सोशल मीडिया) 
विदेश

ग्लोबल फायरपावर 2026: दुनिया की सबसे ताकतवर सेनाओं में भारत का दबदबा, पाकिस्तान फिर फिसला; देखें टॉप-10 लिस्ट

Global Firepower 2026 की रैंकिंग में भारत दुनिया की चौथी सबसे बड़ी सैन्य शक्ति बना हुआ है। अमेरिका नंबर-1 पर बरकरार है, जबकि पाकिस्तान की रैंकिंग में भारी गिरावट दर्ज की गई है।

अमन उपाध्याय

Most Powerful Militaries in the World: दुनिया इस समय युद्ध और अनिश्चितता के दौर से गुजर रही है। यूक्रेन युद्ध से लेकर मिडिल ईस्ट तक बढ़ते संघर्षों ने सभी देशों को अपनी सुरक्षा रणनीति पर फिर से सोचने को मजबूर कर दिया है। ऐसे माहौल में, 'ग्लोबल फायरपावर' ने साल 2026 की मिलिट्री स्ट्रेंथ रैंकिंग जारी की है, जिसमें भारत ने एक बार फिर अपनी सैन्य शक्ति का लोहा मनवाया है।

भारत चौथे स्थान पर कायम

इस ताजा रैंकिंग में कुल 145 देशों की सैन्य क्षमता का मूल्यांकन किया गया है। अमेरिका ने 2005 से चले आ रहे अपने दबदबे को बरकरार रखा है और 0.0741 के पावर इंडेक्स स्कोर के साथ पहले स्थान पर काबिज है। अमेरिका के बाद रूस दूसरे और चीन तीसरे स्थान पर बना हुआ है। भारत ने 0.1346 के स्कोर के साथ दुनिया की चौथी सबसे मजबूत सैन्य शक्ति के रूप में अपनी जगह पक्की कर ली है।

पाकिस्तान की भारी गिरावट, फ्रांस और जापान की छलांग

इस रिपोर्ट में पाकिस्तान के लिए बुरी खबर है। साल 2024 में 9वें स्थान पर रहने वाला पाकिस्तान, 2025 में 12वें और अब 2026 में गिरकर 14वें स्थान पर पहुंच गया है। इसके विपरीत, जर्मनी ने अपनी स्थिति में बड़ा सुधार किया है और 19वें से छलांग लगाकर 12वें पायदान पर आ गया है। अन्य देशों की बात करें तो फ्रांस छठे स्थान पर पहुंच गया है, जो 2024 में 11वें स्थान पर था। जापान भी एक पायदान ऊपर चढ़कर सातवें स्थान पर पहुंच गया है। हालांकि, ब्रिटेन की रैंकिंग में गिरावट देखी गई है और वह फिसलकर आठवें स्थान पर आ गया है। टॉप-10 में तुर्किये और इटली ने क्रमशः नौवां और दसवां स्थान हासिल किया है।

यह रही है टॉप-10 ताकतवर सेनाओं की सूची

रैंक देश का नाम
1 अमेरिका
2 रूस
3 चीन
4 भारत
5 दक्षिण कोरिया
6 फ्रांस
7 जापान
8 यूनाइटेड किंगडम
9 तुर्की
10 इटली

एशियाई ताकतों का उदय

टॉप-5 सैन्य शक्तियों में एशिया के तीन देशों (चीन, भारत और दक्षिण कोरिया) की मौजूदगी यह स्पष्ट करती है कि वैश्विक सैन्य संतुलन तेजी से बदल रहा है। दक्षिण कोरिया इस सूची में पांचवें स्थान पर है। यह रैंकिंग साफ इशारा करती है कि भारत न केवल अपनी सीमाओं की सुरक्षा के लिए तैयार है, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी एक बड़ी सैन्य शक्ति के रूप में उभरा है।

कैसे तय होती है यह रैंकिंग?

ग्लोबल फायरपावर की यह रैंकिंग सिर्फ सैनिकों की संख्या पर आधारित नहीं होती। इसमें 60 से ज्यादा फैक्टर्स को ध्यान में रखा जाता है, जिनमें हथियारों की संख्या, वायुसेना और नौसेना की ताकत, रक्षा बजट, तकनीक, लॉजिस्टिक्स और भौगोलिक स्थिति शामिल हैं। इसमें पावर इंडेक्स स्कोर जितना कम होता है, देश की सैन्य क्षमता उतनी ही अधिक मानी जाती है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह रैंकिंग दर्शाती है कि आने वाले समय में तकनीक और रणनीति ही वैश्विक राजनीति की दिशा तय करेंगे।

राहुल ने PM मोदी को दी खुली चुनौती: बोले- डरिए मत, मंच पर आमने-सामने बैठिए; राजनाथ-समेत 4 नेताओं से की अपील

SIR: ड्राफ्ट वोटर लिस्ट से नाम गायब तो भी भर सकेंगे फॉर्म-6, चुनाव आयोग ने दी बड़ी राहत

दिवाली-छठ पर यूपी-बिहार वालों को ट्रेनों में मिल सकता है कन्फर्म टिकट, रेलवे चला रहा करीब 2,000 स्पेशल ट्रेनें

30 नवंबर से पेंशन आना हो जाएगा बंद, UPS पेंशनर्स फटाफट पूरा करें ये काम

कर्जत में 100 एकड़ का अनंत आश्रय, 5,000 से अधिक लोगों को मिलेगा घर; बदलेगी आसपास के गांवों की तस्वीर?