मंत्री दिलीप घोष (सौजन्य-IANS फाइल फोटो) 
पश्चिम बंगाल

घुसपैठियों को बसने देना बंगाल की...मंत्री दिलीप घोष का बड़ा दावा, कहा- जम्मू-कश्मीर से भी बुरे हालात

Suvendu Adhikari Govt Bengal: पश्चिम बंगाल में चुनाव के नतीजों के बाद सुवेंदु सरकार ने अहम कदम उठाए हैं। मंत्री दिलीप घोष ने सुवेंदु सरकार के फैसलों से सहमति जताई और बंगाल की खराब हालत पर रोशनी डाली।

प्रिया जैस

Bengal Government Dilip Ghosh: पश्चिम बंगाल में सुवेंदु सरकार ने बदलाव शुरू कर दिए है। बंगाल में अब सभी सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में मॉर्निंग असेंबली के दौरान वंदे मातरम् गाना अनिवार्य कर दिया गया है। इस फैसले को मंत्री दिलीप घोष ने खुशी जताई साथ ही बंगाल में हुए अन्याय के बारे में खुलासा किया।

स्कूलों की सुबह की सभाओं में 'वंदे मातरम' गाने के पश्चिम बंगाल सरकार के आदेश पर, पश्चिम बंगाल के मंत्री दिलीप घोष ने कहा, पश्चिम बंगाल में 'वंदे मातरम' इतनी जोरदार पुकार थी कि लाखों लोग सड़कों पर उतर आए, स्वतंत्रता संग्राम में गोलियों का सामना किया और जेल गए। यह गीत बंकिम चंद्र ने लिखा था, फिर भी बंगाल में इसे गाने की अनुमति नहीं थी। हमने यह किया है, और आज से यह हर स्कूल में गाया जाएगा।

सरकारी कार्यक्रमों में अनिवार्य वंदे मातरम

इसे सरकारी कार्यक्रमों में भी अनिवार्य कर दिया गया है और वहां भी यह गाया जाएगा। हमारे सभी पार्टी कार्यक्रमों, बैठकों और सभाओं में यह पहले से ही गाया जाता है। अब यह सरकारी स्कूलों में भी गाया जाएगा, ताकि बच्चे वहां से प्रेरणा ले सकें और देशभक्ति सीख सकें।

पश्चिम बंगाल के मंत्री दिलीप घोष ने कहा, हमने जनता से जो भी वादे किए हैं, हम उन सभी को पूरा करेंगे। फिलहाल, सरकार की आर्थिक स्थिति बहुत मजबूत नहीं है। मंत्री हर संभव तरीके से केंद्र सरकार के साथ बातचीत कर रहे हैं; मैंने भी उनसे बात की है। जैसे ही हमें वहां से संकेत मिलेंगे, हम अपने सभी वादों को पूरा करेंगे।

बंगाल की हालत जम्मू-कश्मीर से भी बदतर

पश्चिम बंगाल के मंत्री दिलीप घोष ने बंगाल की मौजूदा स्थिति जम्मू-कश्मीर के भी बुरी बताई। दिलीप घोष ने कहा, हम बार-बार कहते रहे हैं कि बंगाल की हालत जम्मू-कश्मीर से भी बदतर है। हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि सरकार और संस्कृति बदल गई है। हम कुछ भी नहीं भूले हैं। घुसपैठियों को बसने देना बंगाल की संस्कृति नहीं है। ममता बनर्जी ने हमारी संस्कृति को बिगाड़ दिया है, और हम इसे ठीक कर रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा, न सिर्फ हावड़ा स्टेशन, बल्कि बंगाल का हर एक स्टेशन एक बाजार में बदल गया है। यह गंदगी से भरा हुआ है। महिलाओं, बच्चों या बड़ों के बैठने के लिए बिल्कुल भी जगह नहीं है। रेलवे अपनी संपत्ति वापस लेगी और उसका इस्तेमाल जनता को सेवाएं देने के लिए करेगी। इसे हासिल करने के लिए, चाहे वह रेलवे हो या बंगाल पुलिस, हर कोई अपना पूरा सहयोग देगा।

कॉकरोच किसके लिए कहा गया था? CJP संस्थापक अभिजीत दीपके का बड़ा दावा, जानें किसका लिया नाम

तरुण तेजपाल को जाना ही होगा जेल...सुप्रीम कोर्ट ने ठुकराई याचिका, सरेंडर के लिए दिया दो हफ्ते का टाइम

जंतर-मंतर हिंसा से दिल्ली पुलिस ने ली सीख, तैयार किया नया प्लान, अब हर बड़े प्रदर्शन पर ऐसे रखी जाएगी पैनी नजर

2027 की जनगणना से पहले राहुल गांधी और खड़गे ने PM मोदी को लिखा पत्र, जाति के आंकड़ों पर उठाए सवाल

6 साल में 41 मासूमों की मौत; अमरावती से झांसी तक अस्पताल बने आग का गोला, लेकिन एक भी दोषी को नहीं हुई सजा