ममता बनर्जी (Image- Social Media)  
पश्चिम बंगाल

ममता बनर्जी ने किया जुर्म! ED ने हाई कोर्ट में सीएम को घेरा, I-PAC मामले में जांच एजेंसी की दलील से हड़कंप

ED Raid On I-PAC: ईडी के वकील ने कहा कि जांच एजेंसी की ओर से कोई रिकॉर्ड जब्त नहीं किया गया। ये याचिका एक अजनबी द्वारा दायर की गई है। कृपया देखें कि आखिर याचिकाकर्ता कौन है।

मनोज आर्या

ED vs Mamta Banerjee In High Court: कलकत्ता हाई कोर्ट में I-PAC के दफ्तर में ईडी की छापेमारी को लेकर सुनवाई शुरू हो गई है। जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय के वकील ने दलील देते हुए कहा कि यह याचिका सुप्रीम कोर्ट में लंबित है, जिस पर सुनवाई जल्द हो सकती है। ईडी के वकील ने अदालत के सामने कहा कि आज इस मामले की सुनवाई टाल दी जाए। पश्चिम बंगाल सरकार के वकील ने ईडी के इस मांग का विरोध किया।

तृणमूल कांग्रेस के वकील ने कहा कि हम सुप्रीम कोर्ट के सामने पक्षकार नहीं हैं। छापे की कार्रवाई हुई थी। हमारी गोपनीयता बनी रहनी चाहिए। हम संवैधानिक लोकतंत्र में रहते हैं। हम चाहते हैं कि हमारा राजनीतिक डेटा सुरक्षित रहे। हमें गोपनीयता का अधिकार है। हमारी यही मांग है कि हमारा राजनीतिक डेटा सुरक्षित रखा जाए, इसे मीडिया में जारी न किया जाए और न ही राजनीतिक उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किया जाए।

'ईडी ने कोई रिकॉर्ड जब्त नहीं किया है'

ईडी के वकील ने कहा कि जांच एजेंसी की ओर से कोई रिकॉर्ड जब्त नहीं किया गया। ये याचिका एक अजनबी द्वारा दायर की गई है। कृपया देखें कि आखिर याचिकाकर्ता कौन है। वह कैसे प्रभावित हुआ क्योंकि वह छापे के समय मौजूद नहीं थे। इस जांच का तृणमूल कांग्रेस से कोई लेना-देना नहीं है और जिस व्यक्ति के घर और दफ्तर पर छापेमारी हुई वह कोर्ट खुद नहीं आया है।

सीएम ममता पर जांच एजेंसी का आरोप

जांच एजेंसी के वकील ने कहा कि हमारी तरफ से कोई भी दस्तावेज नहीं जब्त किए गए उल्टा पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी दस्तावेज लेकर गई हैं। उन्होंने अवैध रूप से रिकॉर्ड अपने कब्जे में ले लिया है और अपराध किया है। जब तक टीएमसी की ओर से उन्हें पक्षकार न बनाया जाए, याचिका बनाए रखने योग्य नहीं है। तृणमूल कांग्रेस के वकील ने कहा कि यह सीधे तौर पर चुनाव से जुड़ा हुआ है और हमारी मंशा यही है कि चुनाव निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो।

क्या है पूरा मामला?

हाल ही में चुनावी रणनीतिकार संस्थान I-PAC के प्रमुख प्रतीक जैन के लाउडन स्ट्रीट स्थित आवास पर ईडी ने छापेमारी की थी। छापेमारी की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कोलकाता पुलिस आयुक्त मनोज वर्मा के साथ प्रतीक जैन के घर पहुंच गईं थी। वह करीब 20 मिनट तक अंदर रहीं। मुख्यमंत्री जब घर में दाखिल हुईं तब उनके हाथ खाली थे, लेकिन बाहर निकलते समय उनके हाथ में एक ग्रीन फाइल, एक हार्ड डिस्क और एक लैपटॉप देखा गया था।

Ganesh Chaturthi 2026: आंध्र प्रदेश में सभी गणेश पंडालों को मिलेगी मुफ्त बिजली, नारा लोकेश का बड़ा ऐलान

राजनाथ सिंह ने श्रीलंकाई राष्ट्रपति से की मुलाकात, सुरक्षा-शांति का दोहराया संकल्प, अहम मुद्दों पर बनी सहमति

PM मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे, सेवा संकल्प अभियान चलाएगी BJP, युवाओं और महिलाओं की भागीदारी पर जोर

BRS के कई विधायक सस्पेंड, सदन में नारेबाजी और हंगामे पर स्पीकर का एक्शन; तेलंगाना में कई नेताओं पर FIR

हिम्मत कैसे हुई मजिस्ट्रेट की? कॉकरोच को 5 लाख का नोटिस देने पर भड़के CJI, अधिकारियों को लगाई फटकार