Swara Bhasker Jauhar Controversy: फिल्म 'पद्मावत' में दिखाए गए जौहर प्रथा वाले दृश्य को लेकर अभिनेत्री स्वरा भास्कर की विवादित टिप्पणी के बाद उठे विवाद ने अब राजनीतिक और सामाजिक मोड़ ले लिया है। इस मुद्दे पर दिल्ली प्रदेश जनसंघ की सचिव मोनिका राठौर और हिंदूवादी नेता खुशबू पांडे ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उनका कहना है कि जौहर केवल एक ऐतिहासिक घटना नहीं, बल्कि भारतीय महिलाओं के आत्मसम्मान, सतित्व, स्वाभिमान और पवित्रता की रक्षा का सर्वोच्च प्रतीक है। स्वरा भास्कर द्वारा जौहर प्रथा पर की गई टिप्पणी को उन्होंने सनातनी संस्कृति और ऐतिहासिक वीरांगनाओं रानी पद्मावती व रानी कर्णावती का अपमान बताया। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि बॉलीवुड हस्तियों द्वारा पब्लिसिटी के लिए इतिहास और धार्मिक भावनाओं से खिलवाड़ करना एक नया चलन बन गया है। ऐतिहासिक तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश करने की जगह आने वाली पीढ़ी को उस दौर की परिस्थितियों और वीरांगनाओं के अदम्य साहस से सही तरीके से अवगत कराना जरूरी है। इस पूरे मामले में अभिनेत्री कंगना रनौत द्वारा स्वरा भास्कर को दिए गए करारे जवाब की भी काफी चर्चा हो रही है।