Haridwar Stampede: उत्तराखंड के हरिद्वार स्थित मनसा देवी मंदिर में रविवार को भगदड़ मच गई। इस भगदड़ में 6 लोगों की मौत हो गई है। जबकि 29 लोगों के घायल होने की ख़बर है। पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचकर राहत व बचाव कार्य में लगी हुई हैं। घायलों को नजदीक के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
शुरुआती जानकारी में बताया गया कि यह हादसा सीढ़ियों पर करंट उतरने की वजह से हुआ। लेकिन गढ़वाल के मंडलायुक्त विनय कुमार ने करंट वाली बात को सिरे से नकार दिया है। जिसके बाद सवाल यह उठ रहे हैं कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि अचानक भगदड़ मच गई? जिसका जवाब चश्मदीद ने दिया है।
घटना की जानकारी देते हुए एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने बताया कि "हमें कुछ लोगों के घायल होने की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की। लगभग 35 लोगों को अस्पताल लाया गया और 6 की मौत की पुष्टि हो चुकी है। बाकी का इलाज चल रहा है। प्रथम दृष्टया, मंदिर मार्ग से 100 मीटर नीचे सीढ़ियों पर बिजली का झटका लगने की अफवाह के कारण भगदड़ मची। हम आगे की जांच कर रहे हैं।
बिहार से मनसा देवी मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचे अमरीश शर्मा ने भगदड़ की कहानी बयां करते हुए कहा कि अचानक से वहां बहुत भीड़ इकट्ठा हो गई थी। जिसके चक्कर में भगदड़ मच गई और कई लोग एक दूसरे पर गिर गए। इस घटना में वह भी घायल हो गए।
भगदड़ की घटना पर राज्य के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने दुःख प्रकट करते हुए एक्स पर लिखा कि हरिद्वार स्थित मनसा देवी मंदिर मार्ग में भगदड़ मचने का अत्यंत दुःखद समाचार प्राप्त हुआ है। @uksdrf, स्थानीय पुलिस तथा अन्य बचाव दल मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्यों में जुटे हुए हैं।
सीएम धामी ने आगे लिखा कि इस संबंध में निरंतर स्थानीय प्रशासन के संपर्क में हूं और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। माता रानी से सभी श्रद्धालुओं के सकुशल होने की प्रार्थना करता हूं। हालांकि सीएम धामी ने अभी तक किसी भी तरह के मुआवजे की घोषणा नहीं की है।