Highlights
युवा परिषद के नेताओं ने काकरोचों के खिलाफ खोला मोर्चा
देश की राजधानी को बंधक बनाने वालों के खिलाफ अब गुस्सा भड़का
मोदी को हटाकर देश बेचने की फिराक जैसे आरोप
काकरोचों पर रासुका लगाने के लिए की मांग
Varanasi Protest Against Election Commission: जैसे ही कॉकरोच जनता पार्टी ने दिल्ली में प्रदर्शन का ऐलान किया, वैसे ही देशभर के युवाओं का गुस्सा भड़क गया। कॉकरोचों के देश विरोधी कार्यों और देश में अराजकता फैलाने से नाराज़ युवा परिषद ने कॉकरोचों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। उधर राहुल गांधी कॉकरोचों के साथ मिलकर चुनाव आयोग को कठघरे में खड़ा कर थे है और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर इस्तीफा देने का दबाव बना रहे हैं और इधर युवा परिषद के नेताओं ने चुनाव आयोग के समर्थन का एलान करते हुए सुभाष मंदिर से मुंशी प्रेमचंद स्मृति द्वार तक “न्याय मार्च” निकाला।
युवा परिषद का नेतृत्व कर रहीं दो दलित बेटियां खुशी रमन भारतवंशी एवं प्रज्ञा परमिता महारी ने कॉकरोच जनता पार्टी के नेता अभिजीत दीपके को खुली चुनौती देते हुए पूछा कि तुम्हारे पास इतना पैसा आ कहा से रहा है कि तुम पिज़्ज़ा बर्गर खिला रहे, दारू की पार्टी कर रहे और फाइव स्टार होटल में मुजरा देख रहे हो। विदेश से कौन लोग तुमको फंडिंग कर रहे।
तुम आतंकवादियों, नक्सलियों और गद्दारो से मिले हुए हो, तुमने आज तक किसी आतंकवादी के खिलाफ आवाज नहीं उठाई तुम डरपोक और कायर हो तभी तुमने नरेंद्र मोदी की माँ को गाली दिलवाया। देश का Gen Z तुम्हारे खिलाफ है इसलिए तुम जल्द ही देश छोड़ कर भाग जाओ।
युवा परिषद के कार्यकर्ताओं में भारी रोष था, वो तख्तियों के माध्यम से राहुल गांधी, कॉकरोचों और विपक्षी नेताओं के खिलाफ आक्रोश व्यक्त कर रहे थे। वे नारे लगा थे- आतंकियों की कमर तोड़ दो, कॉकरोचों अब देश छोड़ दो। राहुल, प्रियंका इस्तीफा दो, जॉर्ज सोरोस और राहुल के रिश्ते की जांच हो। कॉकरोचों को जेल भेजो, गाली देने वाले कॉकरोचों के खिलाफ कड़ी कारवाही हो, देश के खिलाफ युद्ध छेड़ने के आरोप में इन गद्दार पर रासुका लगे।
युवा परिषद के नेताओं ने खुलकर नरेंद्र मोदी का समर्थन किया और ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगने वाले की कटु निंदा की। नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र में Gen Z का सड़क पर उतरना अभिजीत दीपके की पोल खोलना और राहुल गांधी को चुनौती देना नरेंद्र मोदी के विरोधियों को बहुत भारी पड़ने वाला है क्योंकि देशभर के युवाओं में गद्दार को बर्दाश करने की क्षमता अब नहीं बची, वे अब इन गद्दारों के साथ सीधा मुकाबला चाहते हैं।
युवा परिषद, बी०एच०यू० की चेयरपर्सन जीनत रहमान ने कहा कि अगर राहुल गांधी को लगता है कि चुनाव में वोट चोरी हुआ तो सबसे पहले राहुल गांधी और प्रियंका इस्तीफा दे दे, फिर कांग्रेस पार्टी के सभी अध्यक्ष इस्तीफा दे दे। तमिलनाडु, तेलंगाना, झारखंड, हिमाचल प्रदेश, केरल की सरकारों से राहुल गांधी इस्तीफा दिलायें, तब जाकर चुनाव आयोग पर सवाल खड़ा करें। राहुल गांधी किस मुंह से ज्ञानेश कुमार से इस्तीफा मांग रहे है।
ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगना देश के खिलाफ बड़ी साजिश है। अब तक कांग्रेस पार्टी बांग्लादेशी घुसपैठियों, रोहिंग्या मुसलमानों और मरे हुए लोगों के नाम पर फर्जी वोट डलवाकर चुनाव जीतती थी। ज्ञानेश कुमार ने इन फर्जी वोटों का नाम वोटर लिस्ट से हटा दिया, इसी से राहुल गांधी में बेचैनी है। ज्ञानेश कुमार के बहाने चुनाव आयोग को राहुल गांधी कमजोर करना चाहते हैं ताकि विदेशों को भारत में घुसा सकें।
युवा परिषद के नेता डॉ० ए०पी० सिंह ने कहा कि कांग्रेस हर कीमत पर राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाना चाहती हैं। इसके लिए वो सारे कुकर्म करने को तैयार है। कभी वो ईवीएम पर आरोप लगते हैं, कभी चुनाव आयोग पर और कभी ज्ञानेश कुमार पर। ये वही कांग्रेस है जो बैलेट पेपर को लुटवाती थी और बोगस वोटिंग करवाती थी।
कांग्रेस की बेचैनी नरेंद्र मोदी को हटाने की है क्योंकि अब कांग्रेस हजारों करोड़ रुपया लूट नहीं पा रही है और विदेशों से पैसा नहीं ले पा रही है। नरेंद्र मोदी ने इनके सारे पैसे बंद कर दिए है इसलिए ये विदेशियों से मिलकर मोदी को हटाना चाहते है।
युवा परिषद के जिला प्रमुख सत्यम राय ने कहा कि कॉकरोचों के खिलाफ आंदोलन और तेज करेंगे। इन कॉकरोचों का इलाज अब युवा स्वयं करेंगे। युवा परिषद के नेता मयंक श्रीवास्तव ने देश के नौजवानों का आवाहन किया। देश में अराजकता फैलाने वाले गलीबाज गद्दारों को सबक सिखाने का मौका आ गया है। नरेंद्र मोदी के खिलाफ हम एक शब्द सुनने को तैयार नहीं है।
युवा परिषद की संगठन मंत्री दक्षिता भारतवंशी ने कहा कि यह लड़ाई देशभक्तों और देश के गद्दारों के बीच में है अब हम पीछे नहीं हटेंगे। इन कॉकरोचों को मुंह तोड़ जवाब नहीं देंगे बल्कि इनका मुंह तोड़ देंगे।
युवा परिषद की महासचिव सृष्टि त्यागी ने कहा कि सनातन संस्कृति और भारत देश के खिलाफ चंद राष्ट्रद्रोहियों का समूह कुछ लोगों को जुटाकर भारत पर कब्जा करना चाहता है इनके मंसूबों को सफल नहीं होने देंगे।
मार्च में डॉ० अर्चना भारतवंशी, डॉ० नजमा परवीन, डॉ० ए०पी० सिंह, जीनत रहमान, खुशी रमन भारतवंशी, प्रज्ञा परमिता महारी, सत्यम राय, मयंक श्रीवास्तव, दक्षिता भारतवंशी, सृष्टि त्यागी, इली भारतवंशी, उजाला भारतवंशी, वीरेन्द्र राजभर, विशाल, अवनीश, साहिल, नीरज, भोला, आशीष, प्रिंस, राजीव, मिथलेश, गोकुल राय, अमन, अंश, अरुण, संजु, राजकुमारी आदि युवा शामिल रहे।