मेरठ कोर्ट ने अमित हत्याकांड में उसकी पत्नी और प्रेमी को फांसी की सजा सुनाई।
मामले में हत्या के बाद बिस्तर पर सांप छोड़ने की साजिश का आरोप सामने आया।
दोनों की पेशी मेरठ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई।
Meerut Snake Bite Case: उत्तर प्रदेश के मेरठ में चर्चित सांप कांड में शुक्रवार को अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए मुख्य दोषी रविता और उसके प्रेमी अमरदीप को फांसी की सजा सुनाई। कोर्ट ने इस मामले को 'रेयरेस्ट ऑफ रेयर' यानी दुर्लभतम श्रेणी का अपराध माना। दोनों पर रविता के पति अमित कश्यप की हत्या कर उसे सर्पदंश से हुई मौत दिखाने की साजिश रचने का आरोप था। अदालत ने 7 अक्टूबर को दोनों को दोषी करार दिया था।
अमित कश्यप की हत्या मामले में सजा के ऐलान से पहले अदालत में दोनों पक्षों के वकीलों ने अपनी दलीलें रखीं। सरकारी वकील ने अपराध की गंभीरता का हवाला देते हुए रविता और अमरदीप के लिए मृत्युदंड की मांग की। वहीं, दोषियों ने अदालत में कुछ भी कहने से इनकार कर दिया।
दूसरी ओर, मृतक अमित कश्यप की मां मुनेश देवी ने भी दोनों दोषियों को फांसी देने की मांग की। सजा सुनाए जाने से पहले रविता और अमरदीप को ऑनलाइन माध्यम से अदालत में पेश किया गया। इस दौरान सजा के बिंदु पर दोनों पक्षों के वकीलों के बीच बहस हुई। बचाव पक्ष ने अदालत से नरमी बरतने और कम सजा देने की अपील की, जबकि पीड़ित पक्ष ने अपराध की गंभीरता का हवाला देते हुए मृत्युदंड की मांग दोहराई।
मेरठ के बहसूमा थाना क्षेत्र के अकबरपुर सादात गांव में 12 अप्रैल 2025 की रात अमित कश्यप की हत्या कर दी गई थी। अभियोजन पक्ष के मुताबिक, उसकी पत्नी रविता ने अपने प्रेमी अमरदीप के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी। हत्या के बाद वारदात को सर्पदंश से हुई मौत दिखाने के लिए शव पर सांप छोड़ दिया गया था।
इस घटना ने पुलिस और स्थानीय लोगों को हैरान कर दिया था। मामला सामने आने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और रविता तथा अमरदीप को गिरफ्तार किया।
मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट अहम साबित हुई। रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या किए जाने की बात सामने आने के बाद सर्पदंश से मौत की कहानी पर सवाल उठे। इसके बाद पुलिस ने जांच आगे बढ़ाई और दोनों आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की।
मामले की सुनवाई एडीजे-12 की अदालत में हुई। अभियोजन पक्ष ने रविता और अमरदीप के बीच फोन पर हुई बातचीत को भी अहम साक्ष्य बताया। जांच के मुताबिक, हत्या वाली रात दोनों के बीच 50 से अधिक बार बातचीत हुई थी। इसके अलावा, अमरदीप को वारदात वाली रात घर से बाहर जाते देखे जाने की बात भी सामने आई थी।
अदालत ने 7 अक्टूबर को दोनों को दोषी करार दिया था। इसके बाद शुक्रवार को सजा पर सुनवाई करते हुए दोनों को मृत्युदंड सुनाया।