Lightning In Kanpur: कानपुर क्षेत्र में रविवार दोपहर करीब 2 बजे आकाशीय बिजली गिरने से मोबाइल संचार व्यवस्था प्रभावित हो गई। बिजली गिरने के कारण एलटियस कंपनी के महाराजपुर और पल्हेपुर स्थित दो मोबाइल टावर साइटों पर लगे कई महत्वपूर्ण उपकरणों में तकनीकी खराबी आ गई। इसके चलते दोनों साइटों से जुड़ी मोबाइल नेटवर्क सेवाएं प्रभावित हुईं। महाराजपुर साइट पर नुकसान अधिक होने के कारण टावर का संचालन पूरी तरह ठप हो गया, जबकि पल्हेपुर साइट पर संचार सेवा आंशिक रूप से प्रभावित रही।
अचानक आई इस तकनीकी समस्या के कारण आसपास के मोबाइल उपभोक्ताओं को कॉल करने और इंटरनेट सेवा का इस्तेमाल करने में परेशानी का सामना करना पड़ा। कई लोगों के मोबाइल फोन में नेटवर्क उपलब्ध नहीं रहा। वहीं, जिन क्षेत्रों में वैकल्पिक नेटवर्क कवरेज सीमित था, वहां संचार व्यवस्था पर इसका प्रभाव अधिक दिखाई दिया।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, महाराजपुर स्थित एलटियस कंपनी की मोबाइल टावर साइट पर आकाशीय बिजली गिरने से कई महत्वपूर्ण उपकरण प्रभावित हुए। बिजली के तेज झटके के कारण साइट पर लगे बैटरी बैंक, जनरेटर, एएमएफ पैनल और ट्रांसफॉर्मर में खराबी आ गई।
इसके अलावा साइट पर संचालित एयरटेल और जियो के बीटीएस उपकरण भी प्रभावित हुए हैं। इन उपकरणों में खराबी आने के बाद टावर का संचालन पूरी तरह बंद हो गया। परिणामस्वरूप महाराजपुर और उसके आसपास के क्षेत्रों में मोबाइल नेटवर्क सेवा बाधित हो गई।मोबाइल टावर किसी भी क्षेत्र की संचार व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण आधार होते हैं। टावर साइट पर बिजली आपूर्ति, बैकअप सिस्टम और नेटवर्क उपकरण एक साथ काम करते हैं। ऐसे में इनमें से किसी प्रमुख उपकरण में तकनीकी खराबी आने पर मोबाइल कॉल, इंटरनेट और अन्य दूरसंचार सेवाओं पर सीधा असर पड़ सकता है।
मोबाइल टावर साइटों पर खराबी की जानकारी मिलने के बाद कंपनी की तकनीकी टीम सक्रिय हो गई। कंपनी के इंजीनियर जितेन्द्र गुप्ता ने बताया कि आकाशीय बिजली के कारण महाराजपुर और पल्हेपुर दोनों साइटों पर उपकरण प्रभावित हुए हैं।
उन्होंने बताया कि तकनीकी टीम मौके पर पहुंचकर खराब उपकरणों की जांच और मरम्मत का काम कर रही है। जिन उपकरणों को ठीक किया जा सकता है, उन्हें दुरुस्त करने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं, जिन उपकरणों को अधिक नुकसान पहुंचा है, उन्हें बदलने की प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है।
कंपनी की ओर से जल्द से जल्द मोबाइल नेटवर्क सेवा को सामान्य करने का प्रयास किया जा रहा है। इसके लिए तकनीकी कर्मचारियों की टीम साइटों पर लगातार काम कर रही है।
आकाशीय बिजली का असर बिजली और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर पड़ सकता है। मोबाइल टावर साइटों पर बड़ी संख्या में इलेक्ट्रॉनिक और विद्युत उपकरण लगे होते हैं। इनमें बिजली आपूर्ति से जुड़े सिस्टम के साथ-साथ नेटवर्क सिग्नल उपलब्ध कराने वाले उपकरण भी शामिल होते हैं।
आकाशीय बिजली गिरने की स्थिति में अत्यधिक विद्युत ऊर्जा के कारण इन उपकरणों के सर्किट और पावर सिस्टम प्रभावित हो सकते हैं। इसी वजह से मोबाइल टावर साइटों पर अर्थिंग, सर्ज प्रोटेक्शन और बैकअप व्यवस्था जैसी सुरक्षा प्रणालियों का महत्व बढ़ जाता है।
हालांकि, किसी विशेष उपकरण को किस स्तर पर नुकसान पहुंचा है, इसका अंतिम आकलन तकनीकी जांच के बाद ही किया जा सकता है। फिलहाल कंपनी की टीम प्रभावित उपकरणों की जांच और आवश्यक बदलाव में जुटी हुई है।
महाराजपुर साइट पर अधिक उपकरण प्रभावित होने के कारण यहां नेटवर्क सेवा को बहाल करने में अपेक्षाकृत अधिक समय लग सकता है। वहीं, पल्हेपुर साइट पर भी तकनीकी खराबियों को दूर करने का काम जारी है।
कंपनी के इंजीनियर के अनुसार, तकनीकी टीम का प्रयास है कि आवश्यक उपकरणों को जल्द से जल्द बदलकर या दुरुस्त करके सेवाओं को सामान्य किया जाए। हालांकि, सेवा पूरी तरह कब तक सामान्य होगी, यह प्रभावित उपकरणों की स्थिति और मरम्मत कार्य की प्रगति पर निर्भर करेगा।
समाचार लिखे जाने तक दोनों साइटों पर तकनीकी टीम द्वारा मरम्मत का कार्य जारी था। ऐसे में प्रभावित क्षेत्र के मोबाइल उपभोक्ताओं को सेवा बहाल होने तक कुछ असुविधा का सामना करना पड़ सकता है।