हस्तनिर्मित राखियों का स्टॉल (सोर्स- फोटो नवभारत)
कानपुर

राजकीय बाल गृह की बेटियों ने दिखाया हुनर; हाथों से तैयार कीं खूबसूरत राखियां, DM कार्यालय में लगा स्टॉल

Raksha Bandhan 2026: रक्षाबंधन पर राजकीय बाल गृह की बेटियों ने अपने हाथों से राखियां और रोली-चावल की पोटलियां तैयार कीं। डीएम कार्यालय में स्टॉल लगाया गया, जहां उनके हुनर की पहल को प्रोत्साहन मिला।

स्निग्धा श्रीवास्तव

Girls Skill Development Program On Raksha Bandhan: रक्षाबंधन पर इस बार राजकीय बाल गृह की बेटियों के हुनर की झलक भी देखने को मिल रही है। राजकीय बाल गृह यूनिट-1 एवं यूनिट-2 की बालिकाओं ने अपने हाथों से आकर्षक राखियां और रोली-चावल की पोटलियां तैयार की हैं।

सोमवार को इन हस्तनिर्मित राखियों का विशेष स्टॉल कलेक्ट्रेट स्थित जिलाधिकारी कार्यालय में लगाया गया। बालिकाओं की यह पहल उनके कौशल को निखारने के साथ भविष्य में उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का हिस्सा है।

बालिकाओं को मिल रहा प्रोफेशनल एम्ब्रॉयडरी और सिलाई-कढ़ाई का प्रशिक्षण

अचिंत्य फाउंडेशन द्वारा संचालित कौशल विकास कार्यक्रम के तहत बाल गृह की बालिकाओं को प्रोफेशनल एम्ब्रॉयडरी के साथ सिलाई-कढ़ाई का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। कार्यक्रम का प्रायोजन भी फाउंडेशन की ओर से किया जा रहा है। प्रशिक्षण के दौरान सीखे हुनर का इस्तेमाल करते हुए बालिकाओं ने रक्षाबंधन के लिए राखियां तैयार कीं। इसके साथ ही रोली और चावल की आकर्षक पोटलियां भी बनाई गई हैं।

आत्मनिर्भर बनने के लिए मिल रहा प्रोत्साहन

जिला प्रशासन की ओर से इस कौशल विकास कार्यक्रम को सहयोग दिया जा रहा है। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने बालिकाओं के कौशल विकास और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों को प्रोत्साहित किया है। इसका उद्देश्य प्रशिक्षण को केवल गतिविधि तक सीमित न रखकर बालिकाओं को ऐसा हुनर देना है, जिसका भविष्य में वे आजीविका के लिए भी उपयोग कर सकें।

राखियां तैयार करने की इस गतिविधि के माध्यम से बालिकाओं में रचनात्मकता और आत्मविश्वास बढ़ाने का भी प्रयास किया गया है। राजकीय बाल गृह यूनिट-1 एवं यूनिट-2 में बालिकाओं के साथ रक्षाबंधन का पर्व भी मनाया जाएगा। इस दौरान बालिकाओं द्वारा स्वयं तैयार की गई राखियों का उपयोग किया जाएगा।

मुख्यमंत्री योगी की मिशन शक्ति की भावना से जुड़ी पहल

यह पहल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के महिला एवं बालिका सशक्तीकरण, सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के विजन तथा मिशन शक्ति की भावना से भी जुड़ी है। कौशल विकास कार्यक्रम के माध्यम से बालिकाओं को प्रशिक्षण देकर भविष्य में अपने पैरों पर खड़े होने योग्य बनाने पर जोर दिया जा रहा है।

अजित फाउंडेशन की ओर से समाज के वंचित एवं संवेदनशील वर्ग के बच्चों को कौशल और अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यह कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है, ताकि प्रशिक्षण के माध्यम से उनमें आत्मविश्वास विकसित हो और वे भविष्य में आत्मनिर्भर जीवन की दिशा में आगे बढ़ सकें। इस दौरान अचिन्त्य चैरिटेबल फाउंडेशन की निदेशक दिशा अरोड़ा भी मौजूद रहीं।

आपदा की मार झेल रही दुनिया! नेपाल-पनामा की तबाही के बीच UN का सेंडाई फ्रेमवर्क को लोग कर रहे याद

जंतर-मंतर पर दिल्ली पुलिस की कार्रवाई, कॉकरोच जनता पार्टी के सौरभ दास और आशुतोष रांका हिरासत में

Jantar Mantar: जंतर-मंतर पर नहीं तो और कहां होगा प्रदर्शन? दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका, मंगलवार को सुनवाई

राहुल गांधी की याचिका में चौदह त्रुटि! कोर्ट ने 220 रुपये की कमी की ओर इशारा किया, आज भी कई याचिका पर सुनवाई

Weather Alert: दिल्ली-UP समेत 15 राज्यों में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट, जानें मौसम का हाल