लखनऊ : उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में मूर्ति विसर्जन के दौरान फायरिंग और बवाल के बाद आज भी पूरे इलाके में गहमागहमी का माहौल देखा जा रहा है, क्योंकि बहुसंख्यक समुदाय के लोग मृतक के शव को लेकर तहसील की ओर मार्च करने वाले हैं और आरोपियों के घर पर बुलडोजर चलाने की मांग कर रहे हैं। हालांकि इस पूरे मामले को कायदे से हैंडल न करने के आरोप में पुलिस की चौकी इंचार्ज और थाना प्रभारी को सस्पेंड कर दिया गया है। साथ ही इस पूरे मामले से निपटने के लिए मौके पर कई थानों की कोर्स और पीएसी के जवान बुला लिए गए हैं।
जानकारी में बताया जा रहा है कि बहराइच जिले महसी तहसील के हरदी क्षेत्र के महाराजगंज कस्बे में रविवार को दुर्गा पूजा की मूर्ति के विसर्जन के दौरान डीजे बजाने को लेकर दो समुदायों में बवाल हो गया। इस दौरान दो पक्ष आपस में भिड़ने के बाद एक उग्र हो गए और गुस्सायी भीड़ ने जमकर तोड़फोड़ और आगजनी भी की। इसके बाद हालात को काबू में करने के लिए भारी पुलिस बल बुलाना पड़ा और मौके से दंगाइयों को हटाने के लिए लाठीचार्ज का भी उपयोग करना पड़ा है।
इसे भी पढ़ें...बहराइच में माहौल खराब करने वालों को सीएम योगी की चेतावनी, मूर्ति विसर्जन पर बवाल में हुई थी एक की मौत
शुरू हो गयी कार्रवाई
स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी में पता चला है कि वहां पर 3 दर्जन से अधिक लोग हिरासत में लिए गए हैं और हरदी के थाना प्रभारी एसके वर्मा और संबंधित चौकी के प्रभारी शिव कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि किसी को कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं है। दंगा फैलाने वाले से पुलिस व प्रशासन निपटेगा।
ऐसे शुरू हुआ बवाल
बहराइच जिले के महसी तहसील के महराजगंज कस्बे में रविवार की शाम मूर्ति विसर्जन के लिए जुलूस की शक्ल में लोग जा रहे थे। इस दौरान डीजे पर बज रहे गाने को लेकर आपस में वाद-विवाद शुरू हो गया। लोगों ने कहा कि बज रहे गाने के विरोध में दूसरे समुदाय के युवकों ने गाली-गलौज करनी शुरू कर दी। साथ ही जुलूस पर छत से पत्थरबाजी होने लगी। इसी पत्थरबाजी की घटना में मां दुर्गा की प्रतिमा खंडित हो गई, जिससे दूसरे समुदाय ने भी हंगामा करते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया।
घटना के बारे में लेकर आरोप लगाया जा रहा है कि प्रदर्शन दौरान दूसरे समुदाय के लोगों ने एक युवक को घर के अंदर पकड़ ले गए और गोली मार दी। इसके बाद रेहुवा मंसूर निवासी रामगोपाल मिश्रा(उम्र 24 साल) की मौत हो गई। इस पूरे बवाल के दौरान उसे बचाने पहुंचे राजन(उम्र 28 साल) से भी मारपीट की गयी, जिसमें वह गंभीर रुप से घायल हो गया। यही नहीं लगभग एक दर्जन अन्य लोगों के घायल होने की बात बतायी जा रही है। वैसे पुलिस के आला अफसरों ने स्थिति को काबू में करने के लिए मौके पर 6 थानों की पुलिस बुलाने के साथ साथ इलाके में पीएसी तैनात कर दी है। साथ ही साथ मौके पर एसपी वृंदा शुक्ला समेत अन्य आला अधिकारी महराजगंज में कैंप कर रहे हैं।
इसे भी पढ़ें...दुर्गा प्रतिमा विसर्जन जुलूस के दौरान आमने-सामने आए दो समुदाय, तड़तड़ाईं गोलियां, एक की मौत