कैसे हो रहा है Android hj cyber Attack (सौ. Freepik) 
टेक्नॉलजी

Android यूजर्स के लिए खतरे की घंटी, CERT-In ने जारी की बड़ी चेतावनी

Google security patch: साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-In ने Android स्मार्टफोन उपयोगकर्ताओं को गंभीर चेतावनी दी है। इस बारें में सभी यूजर्स को पता होना चाहिए की क्या परेशानी हो रही है।

सिमरन सिंह

CERT-In warning: भारत सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-In ने Android स्मार्टफोन उपयोगकर्ताओं को गंभीर चेतावनी दी है। एजेंसी ने कहा है कि Android के लेटेस्ट वर्ज़न में खतरनाक सुरक्षा खामियां मिली हैं, जिन्हें "हाई सिक्योरिटी रिस्क" कैटेगरी में रखा गया है। अगर समय रहते इन कमजोरियों को दूर नहीं किया गया तो हैकर्स आसानी से स्मार्टफोन का दुरुपयोग कर सकते हैं और यूजर्स का निजी डाटा खतरे में पड़ सकता है।

किन वर्ज़न को कर रहा है प्रभावित?

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह समस्या Android 13, Android 14, Android 15 और Android 16 वर्ज़न को प्रभावित कर रही है। खामियां सिर्फ एक हिस्से तक सीमित नहीं हैं, बल्कि ऑपरेटिंग सिस्टम की कई लेयर्स में मौजूद हैं। इनमें शामिल हैं:

  • फ्रेमवर्क
  • रनटाइम
  • सिस्टम
  • वाइडवाइन DRM
  • प्रोजेक्ट मेनलाइन
  • कर्नेल
  • क्वालकॉम और मीडियाटेक कम्पोनेंट्स

इतनी बड़ी संख्या में वल्नरेबिलिटी मिलने का मतलब है कि खतरा पहले से कहीं ज्यादा गंभीर हो चुका है।

कितना खतरनाक हो सकता है यह जोखिम?

CERT-In ने चेतावनी दी है कि यदि हैकर्स इन कमजोरियों का फायदा उठाते हैं, तो वे:

  • डिवाइस को क्रैश कर सकते हैं
  • निजी डाटा चोरी कर सकते हैं
  • किसी भी तरह का हानिकारक कोड चला सकते हैं
  • पूरे सिस्टम पर कंट्रोल हासिल कर सकते हैं
  • आसान शब्दों में कहें तो, आपका फोन पूरी तरह असुरक्षित हो सकता है।

Google और स्मार्टफोन ब्रांड्स की जिम्मेदारी

Google ने इस खतरे को देखते हुए तुरंत सिक्योरिटी पैच जारी किया है। हालांकि, यह अपडेट सीधे यूजर्स तक नहीं पहुंचता। हर स्मार्टफोन कंपनी को अपने-अपने सॉफ्टवेयर स्किन (जैसे Samsung का One UI, Xiaomi का HyperOS, OnePlus का OxygenOS आदि) के जरिए अपडेट रोलआउट करना होता है। इसलिए ब्रांड्स की जिम्मेदारी है कि वे इसे समय पर यूजर्स तक पहुंचाएं।

यूजर्स को क्या करना चाहिए?

CERT-In ने साफ कहा है कि जैसे ही आपके फोन में नया सिक्योरिटी अपडेट उपलब्ध हो, उसे तुरंत इंस्टॉल कर लें। ऐसा करने से आपका डिवाइस सुरक्षित रहेगा और साइबर अपराधियों के हमलों से बच सकेगा। सरकार की चेतावनी का सीधा संदेश यही है कि अगर आपने अपडेट को नजरअंदाज किया तो आपका स्मार्टफोन और उसमें मौजूद निजी डाटा हैकर्स के निशाने पर आ सकता है।

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