पीएम मोदी और दिव्या देशमुख (फोटो-सोशल मीडिया)
PM Narendra Modi Congratulates Divya Deshmukh: नागपुर की दिव्या देशमुख ने भारत को गौरवान्वित कर दिया है। 19 वर्षीय दिव्या ने फिडे महिला वर्ल्ड का खिताब जीतकर सबसे बड़ी सफलता हासिल कर ली है। दिव्या ने अपने से अनुभवी खिलाड़ी और अपने ही हमवतन कोनेरू हम्पी को टाईब्रेकर में हराया। दिव्या की इस जीत के बाद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बधाई दी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को भारतीय शतरंज खिलाड़ी दिव्या देशमुख को फिडे महिला विश्व कप चैंपियन बनने पर बधाई देते हुए कहा कि यह दो उत्कृष्ट भारतीय खिलाड़ियों की भागीदारी वाला एक ऐतिहासिक फाइनल था। मोदी ने ‘एक्स' पर लिखा कि दो उत्कृष्ट भारतीय शतरंज खिलाड़ियों के बीच ऐतिहासिक फाइनल। फिडे महिला विश्व शतरंज चैंपियन 2025 बनने वाली युवा दिव्या देशमुख पर गर्व है। उन्हें इस उल्लेखनीय उपलब्धि के लिए बधाई। यह कई युवाओं को प्रेरित करेगा।
दिव्या ने सोमवार को जॉर्जिया के बातुमी में अनुभवी हमवतन कोनेरू हम्पी पर टाई-ब्रेकर में जीत दर्ज कर अपने करियर में एक बड़ा मुकाम हासिल किया। मोदी ने कहा कि फाइनल में दिव्या की प्रतिद्वंद्वी कोनेरू हम्पी ने भी पूरे चैंपियनशिप में असाधारण कौशल का प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि दोनों खिलाड़ियों को उनके भविष्य के प्रयासों के लिए शुभकामनाएं।
पहली बाजी में सफेद मोहरों से खेलते हुए दिव्या ने हम्पी को फिर से ड्रॉ पर रोका लेकिन दूसरी बाजी में काले मोहरों से खेलते हुए उन्होंने दो बार की विश्व रैपिड चैंपियन को हराकर 2.5-1.5 से जीत दर्ज की। देशमुख को अब प्रतिष्ठित ट्रॉफी के अलावा 50,000 डॉलर की पुरस्कार राशि भी मिलेगी।
चार भारतीय महिला जो बनी है ग्रैंडमास्टर
| क्रम संख्या |
खिलाड़ी का नाम |
ग्रैंडमास्टर बनने का क्रम |
महत्वपूर्ण उपलब्धियां |
| 1 |
कोनेरू हम्पी |
पहली भारतीय महिला GM |
विश्व रैपिड चैंपियन (2019), पद्म श्री सम्मानित |
| 2 |
हरिका द्रोणावल्ली |
दूसरी भारतीय महिला GM |
तीन बार वर्ल्ड चैंपियनशिप सेमीफाइनलिस्ट |
| 3 |
आर. वैशाली |
तीसरी भारतीय महिला GM |
यूथ चेस चैंपियन, जीएम आर. प्रज्ञानानंद की बहन |
| 4 |
दिव्या देशमुख |
चौथी भारतीय महिला GM |
राष्ट्रीय महिला चैंपियन, एशियाई पदक विजेता |
इस टूर्नामेंट में दिव्या ने लगातार चार मैचों में जीत हासिल की है। सबसे पहले उन्होंने प्री-क्वार्टरफाइनल में चीन की खिलाड़ी झू जिनेर को हराया। इसके बाद क्वार्टरफाइनल में उन्होंने भारत की डी हरिका को मात दी। फिर सेमीफाइनल में दिव्या ने चीन की तान झोंगयी को हराकर जीत का सिलसिला जारी रखा। उसके बाद दिव्या ने फाइनल में हम्पी को हराया। यह उनकी लगातार चौथी जीत थी, जो उनके मजबूत प्रदर्शन को दर्शाती है। (एजेंसी इनपुट के साथ)