Samudrapur Forest Range: वर्धा जिले में मानव-वन्यजीव संघर्ष बढ़ता ही जा रहा है। कुछ दिन पहले वन्यजीव क्षेत्र के रायपुर जंगली में बाघ के हमले में एक किसान की मौत हो गई थी। इस घटना को लेकर पिछले छह दिनों से क्षेत्र में असंतोष का माहौल है। इससे एक दिन पहले प्रादेशिक वनक्षेत्र के समुद्रपुर वनरेंज अंतर्गत पवनगांव में मवेशी चराने गए एक युवक पर बाघिन ने हमला किया था। इस हमले में युवक बाल-बाल बच गया।
घटना के बाद से कोरा जंगल क्षेत्र में बाघिन की दहशत बनी हुई है। स्थिति को देखते हुए वन विभाग अलर्ट हो गया है। वाशी, कोरा, करुल, पवनगांव, अलोणी और आसोला सहित आसपास के क्षेत्रों में अलर्ट जारी किया गया है। वन विभाग ने गश्त बढ़ा दी है। 24 घंटे निगरानी के लिए 20 वनकर्मियों की टीम तैनात की गई है। बाघिन की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए जंगल क्षेत्र और गांवों की सीमा पर करीब 20 सीसीटीवी तथा 25 ट्रैप कैमरे लगाए गए हैं।
बाघिन की बढ़ती दहशत को देखते हुए वन विभाग गांवों में पहुंचकर जनजागरण कर रहा है। गांव में पत्रक वितरित किए जा रहे हैं। हिंसक वन्यजीवों से बचाव के लिए मनुष्य के चेहरे वाले मास्क भी बांटे जा रहे हैं। खेतों में काम करते समय अथवा आने-जाने के दौरान किसानों और नागरिकों से पीछे की ओर यह मास्क लगाने की अपील की जा रही है।
इससे पहले समुद्रपुर वनपरिक्षेत्र के खुर्सापार में एक बाघिन ने करीब डेढ़ वर्ष तक दहशत बनाए रखी थी। अब वाशी-कोरा वन क्षेत्र में नई बाघिन की मौजूदगी से ग्रामीणों में भय का माहौल है। पवनगांव में युवक पर हमले के बाद वन विभाग ने सतर्कता और बढ़ा दी है। वन अधिकारियों ने ग्रामीणों को विशेष सूचना जारी कर सावधानी बरतने की अपील की है।