Samruddhi Mahamarg Heatwave Wardha News: राज्य में बढ़ते तापमान का असर अब समृद्धि महामार्ग पर भी दिखाई देने लगा है। भीषण गर्मी के कारण पिछले एक महीने में इस मार्ग पर वाहनों की संख्या में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। नागपुर से मुंबई के बीच तेज़ यात्रा के लिए बनाए गए इस महामार्ग पर गर्मी के मौसम में वाहन चालकों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। सीमेंट-कंक्रीट सड़क पर तापमान अत्यधिक बढ़ने से वर्धा जिले में पारा 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है।
इस तीव्र गर्मी के कारण टायर फटने और कुछ मामलों में वाहनों में आग लगने की घटनाएं भी सामने आई हैं। इसके चलते कई वाहन चालक दिन के समय यात्रा से बच रहे हैं। मालवाहक वाहन दिनभर पेट्रोल पंपों पर खड़े रहते हैं और शाम लगभग 6 बजे के बाद ही आगे बढ़ते हैं। चारपहिया वाहनों की आवाजाही भी सुबह 8 बजे तक ही सीमित रह जाती है, इसके बाद महामार्ग पर सन्नाटा छा जाता है।
महामार्ग पर लगभग 30 से 31 किलोमीटर की दूरी पर पेट्रोल पंप, शौचालय और होटल की सुविधा उपलब्ध है, लेकिन बीच के हिस्सों में पीने के पानी की व्यवस्था नहीं होने से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
यह भी पढ़ें:- तिरोड़ा: भगवान परशुराम जन्मोत्सव पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम, प्रतिभावान छात्र-छात्राओं का सत्कार
पेट्रोल पंपों पर टायर की अस्थायी मरम्मत की सुविधा तो है, लेकिन पूरी तरह खराब टायर बदलने के लिए शहर जाना पड़ता है। बड़े तकनीकी खराबी की स्थिति में बाहर से मैकेनिक बुलाना पड़ता है, क्योंकि महामार्ग पर समुचित मरम्मत केंद्र उपलब्ध नहीं हैं।
वाहन चालकों ने आरोप लगाया है कि टोल वसूला जा रहा है, लेकिन बुनियादी सुविधाएं पर्याप्त नहीं हैं। नागपुर के ट्रेलर चालक संजय सिंह ने मांग की है कि निर्धारित अंतराल पर पार्किंग, पीने का पानी, भोजनालय, शौचालय और वाहन मरम्मत जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि यात्रियों को राहत मिल सके