Pune Revenue Department Employee Transfer Dispute: पुणे जिले में राजस्व विभाग के कर्मचारियों के तबादला आदेशों को लेकर विवाद गहरा गया है। राष्ट्रवादी कांग्रेस के नेता रोहन सुरवसे पाटिल ने इन आदेशों को तत्काल रद्द करने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले और चुनाव आयोग को पत्र भेजा है। उनका कहना है कि चुनावी तैयारियों के बीच किए गए तबादले प्रशासनिक कार्यों को प्रभावित कर सकते हैं।
रोहन सुरवसे पाटिल का आरोप है कि विशेष संक्षिप्त मतदाता सूची पुनरीक्षण (एसएसआर) और आगामी जनगणना की तैयारियों को देखते हुए चुनाव आयोग ने चुनाव संबंधी कार्यों में लगे अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादले नहीं करने के स्पष्ट निर्देश दिए थे। इसके बावजूद जिले में बड़ी संख्या में तलाठी, मंडल अधिकारी, राजस्व सहायक और अव्वल कारकून के तबादले कर दिए गए।
उन्होंने दावा किया कि तबादला प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा है। वर्तमान में मतदाता सूची पुनरीक्षण जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में जुटे कर्मचारियों के स्थानांतरण से प्रशासनिक व्यवस्था प्रभावित होने और चुनावी तैयारियों में बाधा आने की आशंका है। उन्होंने भविष्य में ऑनलाइन और योग्यता आधारित पारदर्शी तबादला नीति लागू करने की भी मांग की।
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राष्ट्रवादी कांग्रेस नेता ने सरकार से विवादित तबादला आदेश तत्काल निरस्त करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि आदेश वापस नहीं लिए गए, तो पुणे पार्टी जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने आंदोलन करेगी। उनका कहना है कि चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता और प्रशासनिक कार्यों की निरंतरता बनाए रखने के लिए इस मुद्दे पर तत्काल निर्णय लिया जाना आवश्यक है।