Pune News In Hindi: पुणे मनपा की वित्तीय सेहत को लेकर खतरे की घंटी बज गई है। बजट में लगभग 2,500 करोड़ रुपये का घाटा सामने आने के बाद प्रशासन में हड़कंप मचा है।
इस भारी वित्तीय संकट से निपटने और आय के नए स्रोत तलाशने के लिए 'रेवेन्यू ऑग्मेंटेशन सेल' की करीब पांच साल बाद अहम बैठक आयोजित की गई।
गौरतलब है कि मनपा का वार्षिक बजट 10,000 करोड़ रुपये से अधिक का हो चुका है, लेकिन वास्तविक आय और अंतर अनुमान के बीच बढ़ता विकास कार्यों की गति रोक सकता है। बता दें कि इस सेल का गठन वर्ष 2020 में राजस्व बढ़ाने के उद्देश्य से किया गया था, लेकिन लंबे समय से यह ठंडे बस्ते में था।
अब वित्तीय दबाव बढ़ने पर प्रशासन ने न केवल इसकी बैठक बुलाई, बल्कि समिति का आंशिक पुनर्गठन भी किया है। बैठक में अतिरिक्त आयुक्त स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संपत्ति कर और भवन विकास विभाग के प्रतिनिधि शामिल हुए।
बैठक में प्रॉपर्टी टैक्स, मनपा में शामिल क्षेत्रों, विकास शुल्क पर चर्चा हुई। जीएसटी लागू होने के बाद आय के सोत सीमित हुए हैं, जिससे अब सारा दारोमदार संपत्ति कर पर है। नए गांधी से कर वसूली को और अधिक प्रभावी बनाने की रणनीति तैयार की गई है।