Nagpur Child Rescue: नागपुर के गिट्टीखदान क्षेत्र में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां मां को काम से निकालने की रंजिश में एक युवक ने महिला पुलिसकर्मी और उसके तीन वर्षीय बच्चे को घर में ही बंधक बना लिया। आरोपी ने कथित रूप से गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी और क्वार्टर के बाहर ताला लगाकर फरार हो गया। पुलिस ने महिला कर्मचारी की शिकायत पर मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।
घटना गिट्टीखदान पुलिस क्वार्टर परिसर की है। पीड़ित 32 वर्षीय महिला पुलिसकर्मी अपने तीन साल के बच्चे के साथ सरकारी क्वार्टर में रहती हैं। बच्चे की देखभाल के लिए उन्होंने आरोपी संदीप गेडाम की मां को घरेलू काम और बच्चे की देखरेख के लिए रखा था।
बताया जा रहा है कि संदीप अक्सर अपनी मां को छोड़ने और लेने महिला के घर आता-जाता था। इस दौरान कई बार वह शराब के नशे में भी क्वार्टर पहुंचा करता था। महिला पुलिसकर्मी को उसका व्यवहार अनुचित लगने लगा, जिसके चलते उन्होंने करीब 6 से 7 महीने पहले संदीप की मां को काम से हटा दिया था। बताया जा रहा है कि तभी से संदीप इस बात को लेकर नाराज और आक्रोशित था।
मंगलवार शाम आरोपी अचानक महिला के क्वार्टर पहुंच गया। महिला ने जब उससे आने का कारण पूछा, तो वह कथित रूप से आक्रामक हो गया और गाली-गलौज करते हुए महिला को जान से मारने की धमकी देने लगा। महिला द्वारा विरोध और फटकार लगाए जाने पर संदीप वहां से बाहर निकला, लेकिन जाते-जाते उसने क्वार्टर के बाहर ताला लगा दिया, जिससे महिला और उसका मासूम बच्चा घर के अंदर ही फंस गए। अचानक खुद को घर में बंद पाकर महिला घबरा गईं और उन्होंने तत्काल पुलिस को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही गिट्टीखदान पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दूसरी चाबी की मदद से क्वार्टर का ताला खोला और महिला व बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाला। समय रहते कार्रवाई होने से कोई अप्रिय घटना नहीं घटी।
घटना के बाद पुलिस ने महिला की शिकायत के आधार पर आरोपी संदीप गेडाम के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है और उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
इस घटना ने पुलिस क्वार्टर जैसे सुरक्षित माने जाने वाले क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि किसी महिला पुलिसकर्मी और उसके छोटे बच्चे को इस तरह बंधक बनाना बेहद गंभीर मामला है और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।