नागपुर, तेंदुए की मौत, देवलापार, वन विभाग, सड़क हादसा, (सोर्स: नवभारत फाइल फोटो) 
नागपुर

नागपुर NH-44 पर दर्दनाक हादसा, अज्ञात वाहन की टक्कर से तेंदुए की मौत; वन विभाग ने शुरू की जांच

Nagpur NH44 Leopard Accident: नागपुर-जबलपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर देवलापार के पास अज्ञात वाहन की टक्कर से 1 वयस्क तेंदुए की मौत हो गई। वन विभाग ने जांच शुरू कर CCTV फुटेज खंगालने का निर्णय लिया है।

अंकिता पटेल

Nagpur Leopard Killed Road Accident: देवलापार नागपुर-जबलपुर राष्ट्रीय राजमार्ग 44 पर मंगलवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक वयस्क तेंदुए की मौत हो गई। अज्ञात वाहन की टक्कर से तेंदुए ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया।

वन विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब 5 बजे चोरबाहुली से पवनी मार्ग पर चिंधाई माता मंदिर के आगे स्थित उड़ान पुल के समीप, पवनी नियंत्रण वनक्षेत्र के एकसंघ बफर में यह हादसा हुआ। प्रारंभिक जांच के अनुसार, नागपुर से जबलपुर की ओर जा रहे किसी अज्ञात तेज रफ्तार वाहन ने सड़क पार कर रहे तेंदुए को टक्कर मार दी।

अज्ञात वाहन की तलाश में जुटा वन विभाग

टक्कर इतनी भीषण थी कि तेंदुए के जबड़े पर गंभीर चोट आई और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घटनास्थल का पंचनामा किया।

इसके बाद पशु चिकित्साधिकारी की उपस्थिति में तेंदुए का प्राथमिक परीक्षण कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

वन विभाग ने अज्ञात वाहन की पहचान के लिए जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है तथा आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की भी जांच की जाएगी। साथ ही वाहन चालकों से अपील की गई है कि वन्यजीव क्षेत्र से गुजरते समय निर्धारित गति सीमा का पालन करें और विशेष सावधानी बरतें।

वन्यजीव सुरक्षा पर उठे सवाल

उल्लेखनीय है कि इस राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों ओर वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए लोहे की जाली (फेंसिंग) लगाई गई है तथा कुछ स्थानों पर यह कार्य अभी भी जारी है। इसके बावजूद तेंदुए की सड़क दुर्घटना में मौत होना चिंता का विषय है।

इस घटना ने राजमार्ग पर वन्यजीव सुरक्षा व्यवस्था की प्रभावशीलता पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों और वन्यजीव प्रेमियों ने वन्यजीवों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा उपायों और निगरानी बढ़ाने की मांग की है।

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