Sanjay Raut On Eknath Shinde: महाराष्ट्र के सियासी गलियारों में ऑपरेशन टाइगर काफी समय से चल रही है। उद्धव ठाकरे की शिवसेना (यूबीटी) के कुछ सांसद एकनाथ शिंदे के संपर्क होने की बात कही जा रही है। इसी बीच, उद्धव ठाकरे ने 14 जून 'मातोश्री' में सांसदों की एक बैठक बुलाई है।
इस बीच शिवसेना (यूबीटी) के नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने साफ किया कि इन खबरों में कोई सच्चाई नहीं है। उन्होंने एकनाथ शिंदे पर तीखा तंज कसते हुए कहा कि अमित शाह ने 'ऑपरेशन टाइगर' शुरू करने की बात करने वालों पर सौ बार ऑपरेशन किए हैं।
संजय राउत ने कहा कि किसी भी राजनीतिक पार्टी के लिए विधायक, सांसद और नगरसेवकों के साथ बैठकें करना एक लगातार चलने वाली प्रक्रिया है। ऐसी बैठकें अक्सर 'मातोश्री' में होती रहती हैं। शिवसेना (यूबीटी) सांसद राउत ने कहा कि विधानसभा का सत्र आने वाला है और उससे पहले मॉनसून का मौसम शुरू हो जाएगा। बारिश के दौरान कई लोगों के लिए मुंबई पहुंचना मुश्किल होता है। इसलिए सांसदों के साथ उनके संबंधित जिलों से जुड़ी चिंताओं और मुद्दों को समझने के लिए कल एक बैठक तय की गई है। चर्चा के लिए कई विषय हैं जैसे कई इलाकों में बारिश की कमी और फंड से जुड़े मुद्दे। संजय राउत ने स्पष्ट किया कि शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे कल चर्चा करने के लिए 9 सांसदों से मुलाकात करेंगे।
संजय राउत ने 'ऑपरेशन टाइगर' के बारे में भी खुलकर बात की। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि लोग अफवाहें और खबरें फैलाते रहते हैं कि यह या वह व्यक्ति पाला बदलने वाला है, और जो लोग 'ऑपरेशन टाइगर' शुरू करने की बात करते हैं अमित शाह ने तो उनकी ही कई बार सर्जरी कर दी है। राउत ने आगे कहा कि क्या 'मिंधे' (शिंदे) गुट किसी सीधी-सादी प्रक्रिया से बना है? यह अमित शाह की पार्टी है। क्या यह शिवसेना है?
संजय राउत ने बीजेपी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पार्टियों को तोड़ना, दूसरे दलों के नेताओं को अपनी तरफ मिलाना और लोगों को पैसे या पद का लालच देकर खरीदना ये सब राजनीतिक विकृति के ही रूप हैं। जब से महाराष्ट्र और देश में मोदी-शाह की सरकार आई है, यह राजनीतिक विकृति अपने चरम पर पहुंच गई है।
यह भी पढ़ें:- घाटकोपर ‘सफेद पट्टी’ विवाद में नया मोड़! इन्फ्लुएंसर प्रसाद वेदपाठक पर दर्ज होगी FIR, BJP नेता ने खोला मोर्चा
राउत ने तीखा हमला करते हुए कहा कि इस जोड़ी ने महाराष्ट्र जैसे राज्य को पूरी तरह बर्बाद कर दिया है। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि इस स्थिति का कोई अंत नहीं है। निश्चित रूप से इसका अंत होगा। राउत ने कहा कि सही समय आने पर महाराष्ट्र और देश की जनता ज़रूर विद्रोह करेगी और इस पूरी विकृति के खिलाफ सड़कों पर उतरेगी।