Ramdas Athawale Demands Apology From Sonia Gandhi: वंदे मातरम विवाद और दिमागी नक्सल को लेकर केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले की प्रतिक्रिया सामने आई है।
मीडिया से बातचीत करते हुए केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने कहा कि सोनिया गांधी एक पार्टी की जिम्मेदार नेता हैं और कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष भी रही हैं। 15 अगस्त का दिन हमारे लिए अभिमान और गर्व का दिन होता है। वंदे मातरम से आजादी को बहुत बड़ी ताकत मिली थी। वंदे मातरम का नारा देकर लोग बड़ी संख्या में आते थे और अंग्रेजों के खिलाफ बहुत बड़ा आंदोलन करते थे।
रामदास अठावले ने कहा कि इसलिए वंदे मातरम का अपमान होना बिल्कुल ठीक नहीं है। सोनिया गांधी ने जिस तरह से वंदे मातरम का अपमान किया है, उनको माफी मांगनी चाहिए। इससे कांग्रेस का ही अपमान हुआ है और देश का अपमान हुआ है। किसी भी तरह का अपमान करना बिल्कुल ठीक नहीं है।
दिमागी नक्सल को लेकर केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने कहा कि विरोध करने वाले विरोध करते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसलिए बोला है कि हमने नक्सलवाद को खत्म किया है। 99 प्रतिशत नक्सलियों को मेन स्ट्रीम में लाया गया है। हर जगह के नक्सलवादी मेन स्ट्रीम में आ रहे हैं।
बाबा साहब ने हमको बताया है कि कोई भी आंदोलन शांति से किया जाना चाहिए लेकिन नक्सलवादी मूवमेंट को बढ़ावा मिले, ऐसा नहीं लिखना चाहिए। इसीलिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से बोला गया है कि बौद्धिक नक्सलवाद खत्म होना चाहिए और सबको मिलकर देश के लिए काम करना चाहिए।
रामदास आठवले ने कहा कि जिसको बहुमत मिलता है, वो सत्ता में आता है। जनता हमको सत्ता में बैठाएगी तो हम बैठेंगे और नहीं बैठाएगी तो हम विपक्ष में बैठेंगे। लेकिन लोकतंत्र को धोका नहीं देना चाहिए। बाबा साहब के संविधान के साथ धोखा नहीं होना चाहिए। इसलिए बौद्धिक नक्सलवाद को भी खत्म करना चाहिए।