अजित पवार (फाइल फोटो) 
मुंबई

अजित पवार ने लाडली बहनों को दी चेतवानी, नहीं किया ये काम तो बंद होंगे 1500 रुपये

अजीत पवार का सख्त निर्देश: ‘लाडली बहन योजना’ की अगली किस्त पाने के लिए महिलाओं को अनिवार्य रूप से ई-केवाईसी करानी होगी, वरना बंद हो जाएगा भुगतान।

अर्पित शुक्ला

Mumbai News: महाराष्ट्र महायुति सरकार ने अपनी महत्वाकांक्षी 'मुख्यमंत्री माझी लाडली बहिण' (लाडली बहन) योजना की लाभार्थी महिलाओं को 15वीं किस्त का भुगतान शुरू कर दिया है। महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे ने ट्वीट करके इसकी जानकारी दी है। अगले दो से तीन दिनों में सभी पात्र लाभार्थी महिलाओं के खातों में पैसे जमा हो जाएंगे। इसी पृष्ठभूमि राज्य के उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री अजीत पवार ने लाडली लाभार्थियों को जल्द से जल्द ई केवाईसी कराने का सख्त निर्देश दिया है। अजीत ने कहा है कि फिलहाल लाभार्थियों को केवल सितंबर महीने की ही किस्त ही दी जा रही है। लेकिन इसके लिए केवाईसी प्रक्रिया पूरी करनी होगी। केवाईसी करने के बाद ही महिलाओं को किस्त का पैसा मिलेगा।

राज्य की आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की महिलाओं को लाडली बहन योजना के तहत मदद स्वरूप हर महीने 1500 रुपए देने का निर्णय राज्य की महायुति सरकार ने विधानसभा चुनाव 2024 से पहले लिया था। सरकार ने इसके लिए कुछ शर्तें निर्धारित की थीं। योजना के तहत सालाना 2.5 लाख रुपए के कम आय वाले परिवार की अधिकतम दो महिलाओं को हर महीने 1500 रुपए देने का निर्णय सरकार ने लिया था, जिसके बाद लगभग ढाई करोड़ से अधिक महिलाओं ने योजना के तहत लाभ पाने के लिए पंजीकरण कराया था। सरकार पिछले लगभग 15 महीनों से लाभार्थी महिलाओं को हर महीने 1500 रुपए दे रही है।

इसलिए पड़ी ई केवाईसी की जरूरत

लाभार्थी महिलाओं के पुन: सत्यापन के दौरान कई फर्जी लाडलियों का खुलासा हुआ। इनमें कुछ लाभार्थी महिलाएं सरकारी कर्मचारी निकली तो कइयों के परिवार की आमदनी ढाई लाख से अधिक पाई गई। इतना ही नहीं लाभार्थी महिलाओं के नाम पर कई पुरुष भी योजना का लाभ ले रहे थे। इसलिए सरकार ने लाडली बहनों के लिए ई केवाईसी की शर्त अनिवार्य कर दी है। सरकार ने इसके लिए 2 महीने का समय निर्धारित किया। अजीत ने कहा कि जो महिलाएं 2 महीने की अवधि के दौरान ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी नहीं करेंगी, उन्हें लाडली बहन योजना की किस्त नहीं मिलेगी।

ऐसे करें केवाईसी

लाडली बहन योजना की केवाईसी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी। लाभार्थी महिलाओं को आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर केवाईसी करानी होगी। केवाईसी के लिए वेबसाइट पर जाकर अपना आधार कार्ड, राशन कार्ड और अन्य दस्तावेज अपलोड करने होंगे। इसके बाद आधार नंबर से लिंक्ड नंबर पर आए ओटीपी को दर्ज करना होगा। यह प्रक्रिया पूरी करने के बाद केवाईसी पूरी हो जाएगी।

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